Hanuman Chalisa

पितृ दिवस पर कविता : पापा जल्दी आ जाना, घंटों गप्पे लड़ाएंगे

राकेशधर द्विवेदी
पापा जल्दी आ जाना
चाहे वीडियो गेम ना लाना
घर में नहीं उजाला है
हर तरफ अंधियारा है
 
दीवारें भी अब रोती हैं
तुम्हारी राहें देखती हैं
मैं तो अब यह सोचता हूं
 
लोरी कौन सुनाएगा
घुम्मी कौन ले जाएगा
कंधे पर अपने कौन बैठा
मुझको कौन घुमाएगा
 
मैं तुमसे बातें करने
मोबाइल रोज मिलाता हूं
टन-टन घंटी रोज है बजती
बात नहीं कर पाता हूं
 
मम्मी ने प्ले स्टेशन को
अलमारी में बंद कर दिया है
पिट्टी रोज ही करती है
होमवर्क घंटों कराती है
 
मैं कहता हूं सीडी लाकर दो
तो लिखकर बाजार ले जाती है
फिर लौटकर घर आती है तो
एक भी सीडी नहीं लाती है
 
तुम जल्दी से घर आ जाओ
ढेरों सीडी ले आएंगे
मैकडोनल और पिज्जा हट में जा
धमा-चौकड़ी खूब मचाएंगे
ओरियो छुपकर खाएंगे
घंटों गप्पे लड़ाएंगे
 
पापा जल्दी आ जाना
चाहे वीडियो गेम ना लाना
ओरियो छुपकर खाएंगे
घंटों गप्पे लड़ाएंगे। 

ALSO READ: Father's Day Essay : पिता, फादर, डैडी, पितृ पर हिन्दी निबंध

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

जरुर पढ़ें

Summer diet plan: गर्मी से बचने के लिए जानें आयुर्वेदिक पेय और डाइट प्लान

Nautapa 2026: रोहिणी नक्षत्र में सूर्य गोचर 2026: नौतपा के 9 दिनों में क्या करें और क्या न करें?

Nautapa health tips: नौतपा और स्वास्थ्य: बच्चों और बुजुर्गों के लिए विशेष सावधानियां

गर्मी में शरीर को रखें ठंडा, रोज करें ये 3 असरदार प्राणायाम; तुरंत मिलेगा सुकून

शरीर का एक महत्वपूर्ण अंग 'थाइमस', जिसके बारे में बहुत कम लोग जानते हैं, यह क्यों खास है हमारी सेहत के लिए

सभी देखें

नवीनतम

Nautapa and Health: नौतपा और स्वास्थ्य: डॉक्टर की सलाह कब है जरूरी?

लोकतंत्री कॉकरोच

Veer Savarkar : स्वतंत्रता सेनानी वीर सावरकर के बारे में 10 खास बातें

World No Tobacco Day: विश्व तंबाकू निषेध दिवस 2026: एक कदम तंबाकू से दूर, हजार कदम स्वास्थ्य की ओर

Ahilyabai Holkar जयंती: नारी शक्ति, न्याय और सेवा का प्रतीक महारानी अहिल्याबाई होलकर

अगला लेख