Publish Date: Sat, 21 Aug 2021 (12:56 IST)
Updated Date: Sat, 21 Aug 2021 (13:02 IST)
कई लोगों को पशु या पक्षी पालने का शौक होता है। लाल किताब के अनुसार कुछ लोगों यह कार्य करना चाहिए और कुछ को नहीं। इसी तरह लाल किताब के ज्योतिष के अनुसार कुछ ऐसे भी लोग हैं जिन्हें तोता नहीं पालना चाहिए। हालांकि तोता पालना कई मायनों में शुभ भी होता है।
1. जिसका जन्म सोमवार को शाम 4 बजे से 7 बजे के बीच हुआ है उसे किसी भी प्रकार का पक्षी नहीं पालना चाहिए। उसे खासकर तोता कतई नहीं पालना चाहिए। इससे उत्तम हालात पलट जाएंगे।
2. यदि आपका बुध ग्रह उत्तम है तो आपको तोता नहीं पालना चाहिए।
3. कुंडल में यदि बुध दूरे भाव में है तो तोता पालना सख्त रूप से वर्जित माना गया है। वर्ना हंसता खेलता परिवार उजड़ जाएगा।
4. यदि दूसरे भाव में बुध ग्रह है तो जातक को घरेलू पशु नहीं पालना चाहिए। जैसे भेड़, बकरी और तोता।
5.यदि आपका व्यापार ठीक तरह से नहीं चल रहा है तो बुधवार के दिन एक तोता पिंजरे सहित खरीद कर लाएं और उसे आजाद कर दें। तोता जितनी दूर उड़कर जाएगा, आपका व्यापार उतना ही अधिक चलेगा।
6. लाल किताब के अनुसार कुंडली का विश्लेषण करके बहुत से लोगों को तोता नहीं पालने की हिदायत दी जाती है और बहुत से लोगों को बुधवार के दिन पिंजरे में कंठी वाला तोता पालने का कहा जाता है लेकिन उसके लिए नियम बनाए गए हैं।
7. यदि किसी ने गलती से तोता पाल लिया है तो उसे तुरंत की लाल किताब के विशेषज्ञ से मिलना चाहिए। हो सकता है कि यह तोता ही आपके दुर्भाग्य और बर्बादी का कारण हो।
8. पले हुए तोते यदि खुश नहीं हैं तो वह रोज आपको बद्दुआ देगा। आपको यह समझना चाहिए कि पक्षियों को बंधक बनाकर रखना पाप है। इसके कई दुष्परिणाम भुगतने होते हैं।
9. दरअसल, तोतों में यह क्षमता है कि वो जो भी सुनते हैं उसे आसानी से याद कर लेते हैं और उसे वे मन ही मन या बोलकर दोहराते रहते हैं। ऐसे में अगर आपके घर में गाली-गलौच या झगड़े चलते हैं तो वह भी इसी प्रकार का व्यवहार करेगा। इससे आपके घर में नकारात्मक ऊर्जा का स्थायी निर्माण हो जाएगा। इस तरह तोता पालना कई मामलों में शुभ भी है और अशुभ भी।