Publish Date: Sun, 14 Aug 2022 (08:54 IST)
Updated Date: Sun, 14 Aug 2022 (09:05 IST)
धार। मध्य प्रदेश के धार जिले में कारम नदी पर बने बांध में पिछले 3 दिन से हो रहे पानी के रिसाव से 40 हजार लोगों की जिंदगी पर खतरा मंडरा रहा है। राहत और बचाव के लिए सेना, NDRF, SDRF को तैनात किया गया है। आसपास के गांव खाली कराए गए हैं। इस बीच देर रात बांध की बगल में बनाई गई चैनल से पानी की निकासी शुरू कर दी गई है। इससे बांध के टूटने का खतरा कम हुआ है।
303 करोड़ की लागत से कोठड़ा भारुड़पुरा में बने इस बांध के फूटने की आशंका है। यहां करीब 4 जगह से रिसाव हो रहा है। बांध में हो रहे रिसाव की वजह से आसपास के गांवों में दहशत का माहौल है। धार जिले के 12 और खरगोन जिले के 6 गांव खाली कराए गए हैं। धार-धामनोद समेत कई मार्गों पर आवाजाही बंद कर दी गई है।
मुख्यमंत्री शिवराज खुद स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत भी रिसाव और रेस्क्यू ऑपरेशन के संबंध में मुख्यमंत्री शिवराज से बात कर चुके हैं।
इस बीच बांध को लेकर राजनीति भी शुरू हो गई हैं। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने भी मामले की जांच के लिए 8 सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया है। नर्मदा बचाओ आंदोलन की नेता मेधा पाटकर भी मौके पर पहुंची। उन्होंने बांध निर्माण में भ्रष्चार के आरोप लगाए गए हैं।
इस बीच सीएम शिवराज ने धार कलेक्टर से कहा कि जीवन में कभी कभी ऐसे अवसर आते हैं जब हमें सारी कठिनाइयों से लड़ना होता है। हमें अपनी बुद्धिमता का उपयोगी कर सबकी रक्षा करना है।