Hanuman Chalisa

मप्र के कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 7% बढ़ा

Webdunia
मंगलवार, 27 दिसंबर 2016 (16:42 IST)
भोपाल। नए साल का तोहफा देते हुए मध्यप्रदेश सरकार ने मंगलवार को अपने शासकीय कर्मचारियों, पेंशनभोगियों और पंचायतीराज संस्थाओं एवं स्थानीय निकायों में काम कर रहे कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में सात प्रतिशत की बढ़ोतरी की।
मध्यप्रदेश सरकार के प्रवक्ता एवं जनसंपर्क मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने आज सुबह हुई कैबिनेट की मीटिंग के बाद बताया, प्रदेश की कैबिनेट ने अपने कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में सात प्रतिशत की बढ़ोतरी करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इसी के साथ अब महंगाई भत्ता 125 फीसदी से बढ़कर 132 फीसदी हो गया है। 
 
उन्होंने कहा कि इसकी मंजूरी मिलने से प्रदेश के शासकीय कर्मचारियों, पेंशनभोगियों, पंचायतीराज संस्थाओं, स्थानीय निकायों, ग्रामीण विकास विभाग एवं स्थानीय निकायों में काम कर रहे अध्यापक वर्ग को इसका फायदा मिलेगा।
 
मिश्रा ने बताया, बढ़ा हुआ यह महंगाई भत्ता जुलाई 2016 से दिया जाएगा और इसका भुगतान दिसंबर 2016 की सैलरी में ही शुरू हो जाएगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने उन 497 उम्मीदवारों की वनरक्षक के रूप में नियुक्ति को भी मंजूरी दे दी है, जो वर्ष 2008 में हुए वनरक्षक परीक्षा में पास हुए थे। मिश्रा ने बताया, खाली पदों के विरुद्ध ये नियुक्तियां दी गई हैं। (भाषा)

Show comments

जरूर पढ़ें

गर्मी को लेकर UN ने दी चेतावनी, अगले 5 साल और भी होंगे गर्म, टूटेंगे तापमान के रिकॉर्ड

धर्मेन्द्र प्रधान ने OSM में गड़बड़ी की जिम्मेदारी ली, क्या अगले मंत्रिमंडल फेरबदल में हो सकती है विदाई?

विजय ने PM मोदी से क्यों की मुलाकात, दोनों में आखिर क्या हुई बात, किस मुद्दे का तमिलनाडु के CM ने किया विरोध

असम में भी पास हुआ UCC विधेयक, क्‍या लव जिहाद पर लगेगी रोक, कानून पर क्‍या बोले CM हिमंता?

क्या बिखर जाएगी TMC? सांसद काकोली घोष का पार्टी पदों से इस्तीफा, भाजपा में जाने के संकेत

सभी देखें

नवीनतम

पुणे में जहरीली शराब का कहर: तड़प-तड़प कर 13 लोगों ने गंवाई जान; आरोपी गिरफ्तार

पाकिस्तान की दुविधा: अब्राहम अकॉर्ड्स से जुड़े या दूर रहे?

LIVE: पुणे में जहरीली शराब पीने से 13 की मौत

ईरान का दावा- 'बुशहर में गिराया अमेरिकी विमान', भड़का अमेरिका; क्या खटाई में पड़ेगा 60 दिनों का युद्धविराम?

100 साल पहले ही अमेरिका की सड़कों पर दौड़ रही थीं इलेक्ट्रिक कारें (EV), कैसे गायब हो गईं? चौंकाने वाला सच

अगला लेख