Publish Date: Mon, 18 Nov 2019 (15:32 IST)
Updated Date: Mon, 18 Nov 2019 (15:38 IST)
नई दिल्ली। जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में प्रबंधन और छात्रों के बीच पिछले कई दिनों से जारी विवाद के समाधान के लिए सरकार ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के पूर्व अध्यक्ष प्रोफेसर वीएस चौहान की अगुवाई में सोमवार को 3 सदस्यीय उच्चाधिकार प्राप्त समिति का गठन किया है। यह समिति सभी पक्षों से बातचीत कर जेएनयू के विवाद का समाधान सुझाएगी।
सरकार की तरफ से सोमवार को जारी आदेश में कहा गया कि जेएनयू में कामकाज को सामान्य कैसे किया जाए। यह समिति इस संबंध में विचार-विमर्श कर अपनी रिपोर्ट सौंपेंगी। समिति के अन्य सदस्यों में अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (एसआईसीटीई) क अध्यक्ष प्रोफेसर अनिल सहस्रबुधे और यूजीसी के सचिव प्रोफेसर रजनीश जैन हैं। समिति शांतिपूर्ण समाधान के लिए छात्रों और जेएनयू प्रशासन के बीच तुरंत बातचीत शुरू करेगी।
मानव संसाधान विकास मंत्रालय में शिक्षा सचिव आर. सुब्रमण्यम ने बताया कि उच्चाधिकार समिति जेएनयू छात्रों और प्रशासन के साथ विचार-विमर्श कर सभी मसलों का शांतिपूर्वक समाधान ढूंढेगी। जेएनयू के छात्र हॉस्टल की बढ़ी हुई फीस को वापस लेने की मांग को लेकर पिछले कई दिनों से प्रदर्शन कर रहे हैं। हालांकि छात्रों के विरोध के बाद फीस बढ़ोतरी को आंशिक रूप से वापस लेने का निर्णय भी किया गया था।