Dharma Sangrah

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia

क्या भारत रूस से तेल नहीं खरीदेगा, ट्रंप के दावे पर हड़कंप, जानिए क्या है सच्चाई?

Advertiesment
हमें फॉलो करें crude oil

वेबदुनिया न्यूज डेस्क

नई दिल्ली , शनिवार, 2 अगस्त 2025 (09:35 IST)
Trump says India stopped purchasing Russian Oil : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार को कहा कि उन्होंने सुना है कि भारत अब रूस से तेल नहीं खरीदेगा जो एक अच्छा कदम है। ट्रंप ने साथ ही कहा कि उन्हें इस बारे में हालांकि कोई ठोस जानकारी नहीं है। ट्रंप के इस दावे से भारत में हड़कंप मच गया। जानिए क्या है सच्चाई?
 
ट्रंप ने कहा कि मुझे पता चला है कि भारत अब रूस से तेल नहीं खरीदेगा। मैंने यही सुना है। मुझे नहीं पता कि यह बात सही है या गलत, लेकिन यह एक अच्छा कदम है। देखते हैं क्या होता है। ALSO READ: मेदवेदेव के बयान से भड़के ट्रंप, रूसी तट के पास करेंगे 2 परमाणु पनडुब्बियां तैनात
 
ट्रंप की यह टिप्पणी व्हाइट हाउस की ओर से लगभग 70 देशों के निर्यात पर अमेरिका द्वारा लगाए जाने वाले शुल्क की घोषणा के एक दिन बाद आई है। शासकीय आदेश के अनुसार भारत पर 25 प्रतिशत शुल्क लगेगा। हालांकि रूस से सैन्य उपकरण और ऊर्जा खरीद को लेकर घोषित अतिरिक्त 'जुर्माने' का इस आदेश में जिक्र नहीं है।
 
एक सप्ताह से नहीं दिया कोई ऑर्डर : रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, इंडियन ऑइल कॉर्पोरेशन (IOCL), भारत पेट्रोलियम (BPCL), हिंदुस्तान पेट्रोलियम (HPCL) और मैंगलोर रिफाइनरी (MRPL) ने पिछले एक सप्ताह में रूस से कच्चा तेल खरीदने का कोई नया ऑर्डर नहीं दिया है। ये कंपनियां अब अबू धाबी, पश्चिम अफ्रीका और अमेरिका से तेल आयात के वैकल्पिक स्रोत तलाश रही हैं। रिलायंस इंडस्ट्रीज और नायरा एनर्जी जैसी निजी कंपनियां अभी भी रूस से तेल आयात कर रही हैं।
 
क्या भारत ने बंद की दी रूस से तेल खरीदी : वहीं, नई दिल्ली में विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने भारत-रूस ऊर्जा संबंधों पर कहा कि किसी भी देश के साथ हमारे संबंध उसकी योग्यता पर आधारित हैं और उन्हें किसी तीसरे देश के चश्मे से नहीं देखा जाना चाहिए। जहां तक भारत-रूस संबंधों का सवाल है, हमारे बीच एक स्थिर और समय-परीक्षित साझेदारी है।
 
उन्होंने ट्रंप की आलोचना या उच्च शुल्क पर सीधी टिप्पणी करने से परहेज करते हुए कहा कि भारत और अमेरिका की साझेदारी समय-समय पर कई बदलावों एवं चुनौतियों से गुजरी है। हम अपनी द्विपक्षीय प्रतिबद्धताओं पर केंद्रित हैं और हमें विश्वास है कि संबंध आगे भी मजबूत होंगे। भारत और अमेरिका के बीच साझा हितों, लोकतांत्रिक मूल्यों और लोगों से लोगों के बीच मजबूत संबंधों पर आधारित व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी है।
 
गौरतलब है कि रूस-यूक्रेन युद्ध शुरू होने के बाद से भारत ने रूस से रियायती दरों पर बड़े पैमाने पर कच्चे तेल की खरीद की है। भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा तेल आयातक देश है। 
edited by : Nrapendra Gupta

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

Weather Update: दिल्ली-NCR में हल्की बारिश, उत्तरप्रदेश के कई जिलों में नदियां उफान पर, जानें अन्य राज्यों का मौसम