इस Video में दिखेगी भारत में अर्थव्यवस्था की असली 'तस्वीर'

Webdunia
बुधवार, 21 अगस्त 2019 (15:22 IST)
देश में अर्थव्यवस्था की धीमी रफ्तार का नकारात्मक असर उद्योगों पर हो रहा है। अलग-अलग सेक्टर सेे रोज छंटनी की खबरें आ रही हैं।
 
सेवा क्षेत्र में सुस्ती, कम निवेश और खपत में गिरावट के बीच भारत में आर्थिक वृद्धि दर इस साल जून तिमाही में 5.7 प्रतिशत पर रहने का अनुमान है। बड़े-बड़े उद्योग कर्मचारियों की छंटनी की तैयारी कर रहे हैं। अर्थव्यवस्था की धीमी रफ्तार पर रिजर्व बैंक के पूर्व गवर्नर रघुराम राजन भी चिंता व्यक्त कर चुके हैं।
 
राजन ने अर्थव्यवस्था की धीमी रफ्तार को बहुत चिंताजनक बताया है। इससे उलट मोदी सरकार अर्थव्यवस्था में तेजी का राग अलाप रही है। राजन ने पूर्व मुख्य अर्थशास्त्री अरविंद सुब्रमण्यम के शोध निबंध का हवाला दिया जिसमें निष्कर्ष निकाला गया है कि देश की आर्थिक वृद्धि दर को बढ़ा-चढ़ाकर आंका गया है।
 
इस बीच सरकार के अर्थव्यवस्था को लेकर बड़ी-बड़ी डींगें हांकने पर ट्‍विटर पर एक वीडियो पोस्ट किया गया है। इसमें एक व्यक्ति दूर से स्कूटर पर आता हुआ दिखाई दे रहा है, लेकिन पास आने पर सचाई सामने आ जाती है कि ढांचा स्कूटर का है लेकिन उसे साइकल के पैडल से चलाया जा रहा है।
 
राज पाठक नाम के एक यूजर ने लिखा है कि आप इस पर ModihaiTohMumkinHai हैशटेग लगाना भूल गए। महेश नाम के एक यूजर ने लिखा है कि आप इसे नकारात्मक रूप से क्यों देख रहे हैं। आप इसे मॉडर्न साइकल के रूप में क्यों नहीं देखते? कई यूजर्स ने इससे मिलते-जुलते वीडियो में कमेंट पोस्ट किए हैं।

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

CM धामी ने बदले 18 स्थानों के नाम, औरंगजेबपुर हुआ शिवाजी नगर

कौन हैं निधि तिवारी, बनीं पीएम मोदी की Personal Secretary?

जानिए कौन हैं घिबली' आर्ट की शुरुआत करने वाले हयाओ मियाजाकी, कितनी संपत्ति के हैं मालिक

सावधान! अप्रैल-जून में पड़ेगी सामान्य से ज्यादा गर्मी, लू से होगा सामना

1 अप्रैल की रात से बैंकिंग से लेकर यूपीआई तक बदल रहे हैं ये नियम

सभी देखें

नवीनतम

MP : अहमदाबाद-बरौनी एक्सप्रेस के डिब्बे में लगी आग, यात्रियों में मचा हड़कंप, कोई हताहत नहीं

बंगाल में गैस सिलेंडर विस्फोट, 4 बच्चों समेत 7 लोगों की मौत

साइबर अपराधियों ने ओडिशा के पूर्व IT मंत्री से ठगे 1.4 करोड़

Chhattisgarh : बीजापुर में 13 माओवादी गिरफ्तार, बारूदी सुरंग विस्फोट में थे शामिल

जल संवर्धन के साथ उसका संरक्षण आज की महती आवश्यकता : मोहन यादव

अगला लेख