Publish Date: Wed, 29 Sep 2021 (13:14 IST)
Updated Date: Wed, 29 Sep 2021 (13:16 IST)
श्रीनगर। सुरक्षाबलों के हत्थे चढ़े पाकिस्तानी आतंकवादी बाबर अली ने पूछताछ के दौरान कई सनसनीखेज खुलासे किए हैं। उसका कहना है कि उड़ी जैसे हमले को अंजाम देना चाहते थे आतंकवादी। इस पूरी साजिश के पीछे पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई का हाथ भी बताया है। उसका कहना है आईएसआई ने उसे रुपए का लालच दिया था।
बाबर ने बताया कि पाकिस्तान ने 6 आतंकवादी भेजे थे। 18 सितंबर को उन्होंने घुसपैठ की कोशिश की थी। वे उड़ी जैसा हमला करने की साजिश रच रहे थे। बाबर को उड़ी से ही गिरफ्तार किया गया है। उसने बताया कि आईएसआई ने उसे 20 हजार रुपए दिए थे, जबकि 30 हजार रुपए उसके परिवार को दिए गए थे। बाबर को जम्मू-कश्मीर के पट्टन इलाके में हथियार पहुंचाने का जिम्मा मिला था।
इस तरह जुड़ा लश्कर से : बाबर ने पूछताछ में बताया कि एक फैक्टरी में काम करते समय वह लश्कर के संपर्क में आया था। पैसे के लालच में वह आतंकवादी बन गया। पाकिस्तानी पंजाब के ओकारा के रहने वाले इस पाकिस्तानी आतंकवादी को हथियार चलाने का प्रशिक्षण पाकिस्तानी सेना ने दिया था।
जहां कसाब को ट्रेनिंग मिली थी, वहीं बाबर को : बाबर ने एक और सनसनीखेज खुलासा करते हुए बताया कि उसे पाकिस्तानी सेना द्वारा मुजफ्फराबाद में 3 सप्ताह की ट्रेनिंग दी गई थी। उल्लेखनीय है कि मुंबई हमले के दौरान गिरफ्तार किए गए आतंकवादी अजमल कसाब को भी मुजफ्फराबाद में आतंक फैलाने की ट्रेनिंग दी गई थी। बाबर को हमले और हथियार चलाने की ट्रेनिंग पाक सेना द्वारा ही दी गई थी। इन आतंकवादियों ने सलामाबाद नाले के जरिए घुसपैठ की थी।