Festival Posters

अब यहां सीखें, कैसे बनें विधायक...

Webdunia
गुरुवार, 12 अक्टूबर 2017 (12:44 IST)
नई दिल्ली। राजस्थान के पुष्कर शहर में इसी सप्ताह एक विशेष प्रशिक्षण शिविर शुरू हो रहा है जिसमें युवाओं को विधायक बनने के गुर सिखाए जाएंगे। शिविर का आयोजन सामाजिक-राजनीतिक संगठन 'अभिनव राजस्थान' द्वारा किया जा रहा है जिसका उद्देश्य प्रदेश में वैकल्पिक राजनीतिक माहौल तैयार करना है।
 
अभिनव राजस्थान के संस्थापक डॉ. अशोक चौधरी ने बताया कि यह शिविर एक सतत प्रक्रिया की शुरुआत है, जो 14-15 अक्टूबर को पुष्कर में विधायक प्रशिक्षण शिविर से शुरू होगी। अब तक राज्यभर से 250 ​से अधिक लोग इसके लिए पंजीकरण करवा चुके हैं।
 
इस शिविर का उद्देश्य जनप्रतिनिधि चयन व चुनाव प्रक्रिया संबंधी बुनियादी जानकारी देना और इस बारे में मिथकों को तोड़ना है। 2 दिनों में मूल विषयों पर विशेषज्ञ 10 सत्रों में बात रखेंगे और संवाद होगा। इस शिविर के विभिन्न सत्रों में समाजशास्त्री, शिक्षाविदों सहित अनेक क्षेत्रों की ह​स्तियां मार्ग-निर्देशन करेंगी।
 
उन्होंने बताया कि इसके बाद जमीनी स्तर पर काम शुरू होगा। प्रशिक्षण में भाग लेने वालों को अपने-अपने इलाके में काम करने को कहा जाएगा जिसका फीडबैक और टेस्ट हर 2 महीने में होगा। यह प्रक्रिया सतत चलती रहेगी।
 
भारतीय प्रशासनिक सेवा छोड़कर सामाजिक राजनीतिक कार्यकर्ता बने डॉ. चौधरी के अनुसार स्वस्थ और असली लोकतंत्र की स्थापना के लिए योग्य जनों का विधानसभा में पहुंचना जरूरी है। इस शिविर में किसी भी पार्टी या विचारधारा से जुड़े लोग भाग ले सकते हैं।
 
उल्लेखनीय है कि राजस्थान में अगले साल के आखिर में विधानसभा चुनाव होने हैं और चौधरी को उम्मीद है कि उनकी इस पहल से कुछ अच्छे व नए लोग चुनावी चयन प्रक्रिया में शामिल होंगे।
 
देश में भावी नेता या जनप्रतिनिधि तैयार करने के लिए युवाओं को प्रशिक्षण देने की हाल ही में एक-दो पहल देखने को मिली है। विश्लेषक इसे सकारात्मक शुरुआत मानते हैं। जेएनयू में राजनीति विज्ञान के प्रोफेसर एमएन ठाकुर ने कहा कि राजनीतिक जागरूकता व चेतना के लिहाज से यह स्वागतयोग्य व सकारात्मक कदम है। भले ही इसके परिणाम अभी सामने आने हैं।
 
प्रोफेसर ठाकुर ने कहा कि प्रमुख राजनीतिक दलों व विश्वविद्यालय स्तर पर राजनीतिक प्रशिक्षण की परंपरा व अवसर लगभग समाप्त होने के बीच ऐ​से प्रशिक्षणों की जरूरत महसूस की जा रही है। पहले भी डॉ. अंबेडकर व अन्य हस्तियां ऐसी कोशिश कर चुकी हैं, उन कोशिशों को आगे बढ़ाने की कोशिशें भी हुई हैं और यह प्रक्रिया चल रही है। (भाषा)

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

India-US ट्रेड डील पर सियासी संग्राम, कांग्रेस का सवाल- 'आत्मनिर्भर भारत या अमेरिका-निर्भर भारत?'

मणिशंकर अय्यर ने बढ़ाई कांग्रेस की बढ़ी मुश्किलें, 'विस्फोटक' बयानों से पार्टी शर्मसार

Supreme Court कोई प्लेग्राउंड नहीं, असम CM हिमंता बिस्वा सरमा के खिलाफ याचिका पर CJI की सख्त टिप्पणी

एमपी के आईएएस असफर ने की तीसरी शादी, दो पूर्व पत्‍नियां हैं कलेक्‍टर, तीसरी भी आईएएस, ये खबर मचा रही धमाल

रेप के आरोपों से घिरे महामंडलेश्वर उत्तम स्वामी पर मध्यप्रदेश में कसेगा शिकंजा!, विदेश भगाने की भी अटकलें

सभी देखें

नवीनतम

क्या Epstein row के बीच AI Impact Summit में शामिल होंगे Bill Gates, क्यों बना हुआ है सस्पेंस

तारिक रहमान बने बांग्लादेश के नए PM, 2 हिन्दू सांसद भी मंत्री बने

बेटों को सता रहा इमरान खान की हत्‍या का डर, पूर्व कप्‍तानों ने लिखा पाकिस्‍तान सरकार को पत्र

rbi bank assistant vacancy : आरबीआई असिस्टेंट पद के लिए क्या योग्यता चाहिए? कौन इसमें अप्लाई कर सकता है? ये भी जान लें

'मैं 2014 में CM बन सकता था' — हिमंता बिसवा सरमा का बड़ा राजनीतिक खुलासा

अगला लेख