Publish Date: Wed, 10 Oct 2018 (00:35 IST)
Updated Date: Wed, 10 Oct 2018 (00:43 IST)
पन्ना (मप्र)। 'ऊपर वाला जब देता है तो छप्पर फाड़कर देता है', यह कहावत मध्यप्रदेश में हीरे की खदानों की लिए मशहूर पन्ना जिले में एक मजदूर के साथ पूरी तरह चरितार्थ हो गई, जब वह अचानक अपने साथियों के साथ अमीर बन गया। मंगलवार को इस मजदूर को खदान से 42.59 कैरट का एक बहूमूल्य हीरा हाथ लगा।
पन्ना में मिला दूसरा सबसे बड़ा हीरा : इस इलाके में यह अब तक का पाया गया दूसरा सबसे बड़ा और कीमती हीरा है। अधिकारियों के मुताबिक इससे पहले यहां वर्ष 1961 में 44.55 कैरट का सबसे बड़ा और कीमती हीरा मिला था।
एक माह पहले ही खदान ली थी पट्टे पर : पन्ना हीरा कार्यालय के मूल्य निर्धारक अनुपम सिंह ने बताया कि जिले में कृष्णा कल्याणपुर गांव के पास खदान मजदूर मोतीलाल प्रजापति ने अपने 4 भागीदारों के साथ एक माह पहले ही एक हीरा खदान को पट्टे पर लिया था।
कार्यालय में जमा कराया कीमती हीरा : हीरा मिलने के बाद मोतीलाल और उसके साथी हीरा अधिकारी के कार्यालय आए और यह कीमती हीरा जमा करा दिया। 42.59 कैरट के इस हीरे की कीमत का मूल्यांकन अभी किया जाना है।
नीलामी के बाद मिलेगी धनराशि : उन्होंने बताया कि मोतीलाल को मिले इस हीरे की अगली जनवरी में नीलामी की जाएगी और इसमें मिलने वाली धनराशि से सरकार की रॉयल्टी तथा जीएसटी काटकर शेष रकम मोतीलाल को दी जाएगी।
परिवार और बच्चों के भविष्य का उद्धार : प्रजापति ने कहा कि उसके और परिवार के लिए यह एक खुशी का अवसर है। इससे मिलने वाली राशि परिवार और बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए उपयोगी होगी। उन्होंने कहा कि नीलामी के बाद मिलने वाली राशि उसके सभी भागीदारों में बराबर विभाजित की जाएगी।
हीरे की कीमत 1.5 से 2.5 करोड़ रुपए के बीच : एक स्थानीय हीरा मूल्यांकनकर्ता ने बताया कि मंगलवार को मिले इस हीरे की कीमत 1.5 करोड़ रुपए से 2.5 करोड़ रुपए के बीच होने का अनुमान है। इस वर्ष 14 सितम्बर को एक किसान को यहां सरखोहा गांव में खेत में हल चलाते समय 12.58 कैरट का हीरा मिला था, जिसका अनुमानित मूल्य लगभग 30 लाख रुपए था। (भाषा)