Webdunia - Bharat's app for daily news and videos

Install App

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia
Advertiesment

UNSC की बैठक आज, भारत करेगा अध्यक्षता, अफगानिस्तान पर तालिबान के कब्‍जे के मुद्दे पर हो सकती है चर्चा

webdunia
सोमवार, 30 अगस्त 2021 (11:04 IST)
नई दिल्ली। भारत के विदेश सचिव हर्ष वर्धन श्रृंगला आज संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की बैठक की अध्यक्षता करेंगे। न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि एस तिरुमूर्ति ने उनका स्वागत किया। अगस्त महीने के लिए भारत को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद का अध्यक्ष चुना गया है। बता दें कि इस बैठक में अफगानिस्तान पर तालिबान के कब्‍जे का मुद्दा भी उठ सकता है।  
 
भारत समेत 100 देशों का साझा बयान : भारत समेत लगभग 100 देशों ने एक संयुक्त बयान में कहा है कि तालिबान ने उनसे वादा किया है कि काबुल छोड़कर जाने वाले उनके देशों के सभी नागरिकों और अफगान नागरिकों, जिनके पास उचित यात्रा दस्तावेज हैं, को सुरक्षित निकासी की अनुमति दी जाएगी। आधिकारिक सूत्रों ने सोमवार को यह जानकारी दी। यह बयान अफगानिस्तान से विदेशी नागरिकों की निकासी के डेडलाइन के ठीक एक दिन पहले आया है।
 
अमेरिकी विदेश विभाग की ओर से रविवार को ‘अफगानिस्तान निकासी यात्रा आश्वासनों पर संयुक्त वक्तव्य’ शीर्षक से, जारी बयान में कहा गया,“हमें तालिबान से स्पष्ट अपेक्षा और उम्मीद है। हम इस समझ की पुष्टि करने वाले तालिबान के सार्वजनिक बयानों पर ध्यान देते हैं। 
 
अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने एक ट्वीट में कहा कि आज लगभग 100 देशों ने तालिबान द्वारा दिए गए आश्वासन पर एक संयुक्त बयान जारी किया कि हमारे देशों से यात्रा प्राधिकरण वाले सभी विदेशी नागरिकों और किसी भी अफगान नागरिक को सुरक्षित रूप से अफगानिस्तान से बाहर जाने की अनुमति दी जाएगी। उन्होंने कहा कि हम तालिबान को उस प्रतिबद्धता पर कायम रखेंगे।”
 
संयुक्त बयान में कहा गया कि हम सभी यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं कि हमारे नागरिक, निवासी, कर्मचारी और अफगान जिन्होंने हमारे साथ काम किया है और जो जोखिम में हैं वे अफगानिस्तान के बाहर के गंतव्यों के लिए स्वतंत्र रूप से यात्रा कर सकते हैं। अमेरिका 31 अगस्त यानी मंगलवार को अपने बलों और कर्मियों की वापसी का काम पूरा कर लेगा, लेकिन उसने कहा है कि अगर कुछ अमेरिकी नागरिक रहते हैं तो वह तालिबान से उन्हें सुरक्षित मार्ग की अनुमति देने की उम्मीद करेगा।

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

काबुल पर फिर हुआ रॉकेट से हमला, अमेरिकी सेना की वापसी से पहले दहला शहर