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क्या कह रही है नरेंद्र मोदी की शपथ ग्रहण कुंडली?

पं. अशोक पँवार 'मयंक'
प्रधानमंत्री के रूप में दूसरी पारी खेलने जा रहे नरेंद्र मोदी का गुरुवार, 30 मई 2019 को रात्रि में लगभग 7 बजे शपथ ग्रहण समारोह होगा। इस समय वृश्चिक लग्न का उदय 12 अंश 47 कला पर हो रहा है, वहीं नरेंद्र मोदी का जन्म लग्न भी वृश्चिक ही है। इस प्रकार देखा जाए तो स्थिर लग्न में शपथ ग्रहण समारोह हो रहा है।
 
आइए, जानते हैं कि ग्रहों की स्थिति कैसे फलदायी होगी?
 
लग्नेश व षष्टेश मंगल अष्टम में सम होकर राहु के साथ अंगारक योग बना रहा है यह मोदीजी को स्वास्थ्य के प्रति सावधान सचेत रहने का संकेत देता है। सेहत का भरपूर ध्यान रखना होगा वहीं मोदीजी की राह में अनेक विघ्न भी आएंगे।
 
द्वितीय व पंचम विद्या भाव का स्वामी गुरु वक्री होकर लग्न में विराजमान होने से आपके कई फैसले कठोरतम होंगे जिससे जनता के सुर बगावती हो सकते हैं। वैसे भाग्य का स्वामी चन्द्रमा पंचम में होने से जनता को समझाने में भी आप सफल होंगे।
 
शनि पराक्रमेश व सुखेश तृतीय व चतुर्थ भाव का स्वामी वक्री होकर वाणी भाव में होने से प्रधानमंत्री के रूप में कुछ पराक्रम में कमी खलेगी। इसका कारण स्वास्थ्य भी हो सकता है। जनता के कार्य भी सदन में अटक सकते हैं। दैनिक व्यवसायी आपसे उपेक्षित ही रह सकते हैं।

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