Festival Posters

कोरोना के साए में नया साल, नाइट कर्फ्यू और पाबंदियों के बीच कैसे होगा 2022 का स्वागत...

Webdunia
शुक्रवार, 31 दिसंबर 2021 (08:56 IST)
नई दिल्ली। कोरोना वायरस और ओमिक्रॉन के बढ़ते मामलों के साथ ही देश में नए साल में एक बार फिर महामारी की दहशत दिखाई दे रही है। सरकार ने नए साल का स्वागत भी घर में करने की अपील की है। लोगों को मास्क पहनने के साथ ही भीड़ से बचने की सलाह भी दी गई है। कई राज्यों में नाइट कर्फ्यू के साथ ही कई अन्य पाबंदियां भी लगाई गई है।
 
दिल्ली में कोरोना का ग्रहण : दिल्ली में हाल के दिनों में कोविड-19 के मामलों में हो रही वृद्धि को देखते हुए दिल्ली पुलिस द्वारा नए साल की पूर्व संध्या पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जाएंगे। पुलिस यह सुनिश्चित करेगी कि दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) की ओर से जारी कोविड-उपयुक्त व्यवहार संबंधी दिशा-निर्देशों को सख्ती से लागू कराया जाए। पुलिस के मुताबिक दिशा-निर्देशों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
 
मुंबई में सुरक्षा सख्त : मुंबई में नववर्ष की पूर्व संध्या पर खालिस्तानी तत्वों द्वारा संभावित आतंकी हमले के खुफिया अलर्ट के बीच शहर की पुलिस ने रेलवे स्टेशनों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षा बढ़ा दी है। साथ ही पूरी क्षमता उपलब्ध रहने के मद्दनेजर पुलिसकर्मियों के साप्ताहिक अवकाश और छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं। 
 
कानून-व्यवस्था को बनाए रखने के मद्देनजर पुलिस 31 दिसंबर को शहरभर में कड़ी सर्तकता बरतेगी। गेटवे ऑफ इंडिया और मरीन ड्राइव जैसे प्रमुख स्थानों पर लोगों की भीड़ जुटने को ध्यान में रखते हुए शहर में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया जाएगा।
 
यूपी में दिखेगी सख्‍ती : उत्तरप्रदेश में रात 11 बजे से लेकर सुबह 5 बजे तक कर्फ्यू रहेगा। सरकार द्वारा जारी कोविड गाइडलाइन के अनुसार, अब किसी भी इवेंट में एक जगह 200 से ज्यादा लोग इकट्ठा नहीं हो सकेंगे। इसका सीधा असर नए साल के सेलिब्रेशन पर पड़ेगा।
 
कोलकाता में मंदिर बंद : कोलकाता का विश्व प्रसिद्ध दक्षिणेश्वर काली मंदिर, रामकृष्ण मिशन का मुख्यालय बेलूर मठ, शक्तिपीठ कालीघाट मंदिर के अलावा थंथानिया मंदिर एक जनवरी को श्रद्धालुओं के लिए बंद रहेंगे। पश्चिम बंगाल में कोविड-19 के मामलों में लगातार हो रही वृद्धि के मद्देनजर मंदिरों के प्रशासन ने यह फैसला किया है।
 
दक्षिणेश्वर मंदिर के ट्रस्टी कुशल चौधरी ने कहा कि मंदिर के अधिकारियों को यह फैसला करने के लिए मजबूर होना पड़ा क्योंकि एक जनवरी के दिन लाखों की तादाद में श्रद्धालु मंदिर में आते हैं और इस दौरान कोविड-19 संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन करवाना काफी कठिन होगा।

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

तीसरा बच्चा पैदा करने पर मिलेंगे 25000 रुपए, शिक्षा भी मिलेगी मुफ्त, सरकार ने पेश किया ड्रॉफ्ट

Iran-Israel War : अयातुल्लाह खामेनेई का दाहिना हाथ निकला गद्दार, ismail qaani पर क्यों गहराया शक, Mossad के एजेंट होने का क्या है सच

AIIMS जोधपुर से UPSC टॉपर, पढ़िए Anuj Agnihotri की सक्सेस स्टोरी, बताया सफलता का राज

LPG : देश में तेल, रसोई गैस की किल्लत नहीं होगी, भारत के पास जरूरत से ज्यादा सप्लाई, जानिए कैसे होता है एलपीजी का प्रोडक्शन

ट्रंप कौन होता है भारत को रूस से तेल खरीदने की ‘इजाजत’ देने वाला?

सभी देखें

नवीनतम

Epstein Files का नया बम, ईरान से युद्ध के बीच डोनाल्ड ट्रंप पर यौन उत्पीड़न के आरोप

Kashmir global warming impact : कश्मीर में कुदरत का कहर, झेलम नदी सूखी, गुलमर्ग में मार्च की गर्मी ने तोड़ा रिकॉर्ड

अहमदाबाद में T20 वर्ल्डकप फाइनल से पहले बड़े सट्टा रैकेट का भंडाफोड़

मुख्यमंत्री योगी ने 50 क्यूआरटी वाहनों को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

योगी सरकार का कीर्तिमान, पहली बार गो संरक्षण के लिए खर्च होंगे 2100 करोड़

अगला लेख