Webdunia - Bharat's app for daily news and videos

Install App

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia
Advertiesment

एक्सप्लेनर: भोपाल-इंदौर में कोरोना के 10 हजार के करीब एक्टिव केस,लापरवाही से खतरनाक तरीके से फैल रहा संक्रमण

मध्यप्रदेश में 11 फीसदी के पार संक्रमण की रफ्तार,भोपाल में पॉजिटिविटी रेट 20 फीसदी के पार

webdunia
  • facebook
  • twitter
  • whatsapp
share
webdunia

विकास सिंह

सोमवार, 5 अप्रैल 2021 (10:00 IST)
भोपाल। मध्यप्रदेश में कोरोना ने अब तक सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए है। राज्य में पिछले 24 घंटे में 3178 नए पॉजिटिव मरीज मिले है। प्रदेश में कोरोना की दूसरी लहर दिन प्रतिदिन कितनी खतरनाक होती जा रही है इसको इससे समझा जा सकता है कि प्रदेश में पॉजिटिविटी रेट 11 फीसदी तक पहुंच गई है।

भोपाल और इंदौर में कोरोना पॉजिटिविटी रेट औसतन 20 फीसदी के करीब है। पॉजिटिविटी रेट खतरनाक स्तर तक बढ़ने का असर यह है कि भोपाल और इंदौर में एक्टिव केस 10 हजार के करीब पहुंच गए है। इंदौर में एक्टिव केस 5209 और भोपाल में 4480 एक्टिव केस है। मध्यप्रदेश अब देश का आठवां सबसे संक्रमित प्रदेश बन गया है।
 
प्रदेश में कोरोना के बढ़ते एक्टिव मरीज को लेकर कोविड-19 के स्टेट नोडल ऑफिसर डॉक्टर लोकेंद्र दवे कहते है कि कोरोना संक्रमण का तेजी से फैलने का सबसे बड़ा कारण लोगों की लापरवाही है। लोग कोरोना के संक्रमण के लक्षण जैसे बुखार,सर्दी, खांसी और वायरल फीवर होने पर न तो आइसोलेट हो रहे है और न नहीं जांच कराने पहुंच रहे है। मरीज कोविड-19 की जांच कराने तब पहुंच रहा है जब उसमें इंफेक्शन बढ़ जा रहा है और लक्षण गंभीर हो जा रहे है ऐसे में वह कई लोगों को संक्रमित कर रहा है। यहीं कारण है कि अब एक ही परिवार से कई-कई संक्रमित मरीज मिल रहे है। 
 
कोरोना के संक्रमण को उसी हालात में रोक जा सकता है जब उसका अर्ली डिटेक्शन होकर संक्रमित व्यक्ति को आइसोलेट किया जाए। वर्तमान में इसके ठीक उलट हो रहा है लोग जांच और आइसोलेशन को दरकिनार कर सीधे बीमारी बढ़ने के बाद अस्पताल पहुंच रहे है और इस वजह से कोविड संक्रमण की गंभीरता बढ़ रही है।
 
अब अस्पताल में भर्ती मरीजों को ठीक होने में पहले से ज्यादा समय भी इस लिए लग रहा है क्यों कोरोना संक्रमण का पता सेंकड स्टेज में होने के बाद हो रहा है जिससे 14 दिन में ठीक होने वाला फेफड़ों का संकमण अब 24-28 दिन में सहीं हो रहा है और मरीज की रिकवरी रफ्तार में देरी हो रही है। इसके साथ ही देरी से इंफेक्शन की पहचान होने से अस्पताल पहुंचने वाले 100 में से 15 कोरोना संक्रमित मरीज गंभीर हालत में स्कूल पहुंच रहे है।  
webdunia
Corona
कोविड केयर सेंटर खोलने की तैयारी-प्रदेश में लगातार बढ़ते कोरोना मरीजों की संख्या को लेकर सरकार एक बार फिर कोविड केयर सेंटर खोलने की तैयारी कर रही है। सरकार ने निजी अस्पतालों में बेड को कोरोना मरीजों के इलाज के लिए आरक्षित करने का निर्देश दिए है। इसके साथ अस्पतालों को बेड की स्थिति को हर दिन प्रदर्शित करने के कहा है। 
 
महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ से लगी सीमा सील-मध्यप्रदेश से सटे राज्य महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ में कोरोना के विस्फोट के बाद अब राज्य सरकार ने दो राज्यों से लगी सीमाओं को सील कर दिया है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि पड़ोसी राज्यों में स्थिति बहुत संकटपूर्ण है इसलिए महाराष्ट्र के साथ छत्तीसगढ़ राज्य की सीमा से लोगों की आवाजाही बंद की जाएगी। 
 
इन राज्यों से केवल मानवीय दृष्टिकोण से आवश्यक कार्यों से लोगों को एंट्री की अनुमति होगी। इन राज्यों से आने वाले लोगों को जांच के बाद आइसोलेशन में रखने की व्यवस्था होगी। गौरतलब है कि  महाराष्ट्र में एक दिन में संक्रमित मरीजों की संख्या 50 हजार के करीब और छत्तीसगढ़ में पांच हजार का आंकड़ा पार करने के बाद बड़ी संख्या में लोग मध्यप्रदेश की ओर रूख कर रहे है।
 
मास्क को लेकर जागरुकता पर जोर-कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों को देखते हुए मास्क को लेकर जन जागरूकता के लिए मुख्यमंत्री आज शाम राजधानी की सड़कों पर निकलकर माइक के जरिए लोगों से मास्क लगाने की अपील करेंगे। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने कहा कि लोगों को मास्क के प्रति जागरूक करने के लिए "मास्क नहीं तो बात नहीं" और "मास्क नहीं तो सामान नहीं" जैस स्लोगन के जरिए लोगों को जागरुक करने की बात कही।

Share this Story:
  • facebook
  • twitter
  • whatsapp

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

webdunia
नक्सली हमला : 'U टाइप' हमले में सुरक्षाबलों को फंसाया, जानिए कौन है नक्सल कमांडर हिडमा, जिसे माना जा रहा है बीजापुर हमले का मास्टरमाइंड