Hanuman Chalisa

FIFA World Cup 2018 : 48 साल के बाद उरुग्वे ने वर्ल्ड कप में शुरुआती मैच मिस्र को 1-0 से हराकर जीता

Webdunia
शुक्रवार, 15 जून 2018 (20:10 IST)
येकाटेरिनबर्ग। जोस गिमिनेज के 89वें मिनट में शक्तिशाली 'हैडर' से दागे गए गोल की मदद से दो बार के पूर्व चैंपियन उरुग्वे ने मिस्र को फीफा विश्वकप फुटबॉल टूर्नामेंट के ग्रुप 'ए' मुकाबले में शुक्रवार को 1-0 से हराकर टूर्नामेंट में विजयी शुरुआत की। उरुग्वे ने 1970 के बाद पहली बार वर्ल्ड कप में अपना शुरुआती मैच जीता।
 
 
उरुग्वे और मिस्र मैच ड्रॉ की तरफ बढ़ता दिखाई दे रहा था कि 89वें मिनट पर कार्लोस सांचेज की कॉर्नर किक पर गिमिनेज ने हवा में उछालते हुए जो हैडर मारा वह गोल के कोने में समा गया और मिस्र के गोलकीपर के पास उसे बचाने का कोई मौका नहीं था।


उल्लेखनीय है कि 1970 के बाद पहली बार उरुग्वे ने वर्ल्ड कप में अपना शुरुआती मैच जीता। उसने 48 साल पहले इसराइल को 2-0 से हराया था। दोनों टीमें पहली बार विश्व कप में आमने-सामने थी। मिस्र की टीम 28 साल बाद वर्ल्ड कप खेलने उतरी लेकिन उसे हार का सामना करना पड़ा।

12 सालों के बाद उरुग्वे और मिस्र की टीमें आज आमने-सामने थी। इससे पूर्व 16 अगस्त 2006 में उरुग्वे ने मिस्र पर 20 की जीत दर्ज की थी। दो बार के विश्व चैम्पियन उरुग्वे का प्रदर्शन बीते दो विश्व कप में शानदार रहा है और वह 2010 और 2014 में प्री क्वार्टर फाइनल तक अपनी चुनौती कायम रखने में सफल रही।
 
मिस्र को मुकाबले में अपने सुपर स्टार फारवर्ड मोहम्मद सालाह की कमी काफी खली जो इस मैच में नहीं खेल पाए जबकि  मिस्र के कोच हेक्टर कपर ने मैच की पूर्वसंध्या पर कहा था कि सालाह अपने कंधे की चोट से पूरी तरह उबर चुके हैं और उरुग्वे के खिलाफ खेलने के लिए तैयार हैं लेकिन सालाह मैदान में नहीं उतरे जिससे मिस्र का आक्रमण कमजोर पड़ गया।        
गिमिनेज ने जब मैच विजयी गोल दागा तब डग आउट में बैठे सालाह निराशा में अपना सर हिला रहे थे और उन्हें अफ़सोस हो रहा था कि वह इस मैच में क्यों नहीं खेल पाए। उरुग्वे को इस मैच से पूरे तीन अंक मिल गए और उसके भी अपने ग्रुप की टीम और मेजबान रूस के बराबर तीन अंक हो गए, जिसने कल सऊदी अरब को 5-0 के बड़े अंतर से हराया था।
उरूग्वे ने इस जीत से पिछले 48 वर्ष के इतिहास को बदल डाला। उरूग्वे ने 1970 के बाद से विश्वकप में कभी विजयी शुरूआत नहीं की थी लेकिन गिमिनेज ने इस बार उसे विजयी शुरुआत दिला दी।

1990 के बाद से पहली बार विश्व कप में खेल रहे मिस्र ने 88 मिनट तक अपना किला बचाये रखा लेकिन अगले मिनट में उसकी टीम चूक कर गई और उसे हार का सामना करना पड़ा। उरुग्वे ने मैच में कई मौके बनाए लेकिन हर बार मिस्र के गोलकीपर मोहम्मद अल शेनावी उसके आड़े आते रहे।

शेनावी ने एडिनसन कवानी पर बेहतरीन बचाव किया और मैच के अंतिम 10 मिनट में फ्री किक पर कवानी का शॉट पोस्ट से टकरा गया लेकिन गिमिरेज ने अपने हैडर से उरुग्वे को जीत दिला दी। इस गोल के बाद उरुग्वे के खिलाड़ियों और सपोर्ट स्टाफ ने गिमिरेज को जमकर बधाई दी।

मिस्र को इस हार के बाद अब उम्मीद करनी होगी कि शुक्रवार को 26 वर्ष के हुए सालाह 19 जून को रूस के खिलाफ होने वाले मैच तक फिट हो जाएं। उरुग्वे की टीम अपना अगला मुकाबला 20 जून को सऊदी अरब से खेलेगी।
 
सलाह को लेकर कोई जोखिम नहीं लेना चाहता मिस्र : मिस्र के कोच हेक्टर कूपर ने उरुग्वे के हाथों विश्व कप के पहले मैच में मिली हार के बाद कहा कि मोहम्मद सलाह को लेकर वे कोई जोखिम नहीं लेना चाहते थे और इसी वजह से उसे नहीं उतारा गया। सलाह को चैंपियंस लीग फाइनल में लीवरपूल के लिए खेलते समय कंधे में चोट लगी थी।
 
कोच ने कहा कि सलाह काफी अहम है लेकिन आपको एक अच्छी टीम भी चाहिए और हम एक अच्छी टीम हैं। वह खेलता तो शायद हालात अलग होते लेकिन हम नहीं जानते कि क्या होता? हम उसे लेकर कोई जोखिम नहीं लेना चाहते। उम्मीद है कि वह अगला मैच खेल सकेगा। 

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

ज़रूर पढ़ें

10 हार, 3 सीरीज गंवाई, भारतीय जमीन पर 21वीं सदी के सबसे खराब टेस्ट कोच

WTC Points Table में भारत पाकिस्तान से भी नीचे खिसका

INDvsSA ODI मैच पहली बार खेला गया इस नियम से, बल्लेबाजों को हुआ फायदा

वैभव को नहीं उनके के दोस्त को मिली U19 टीम की कप्तानी, जो हैं CSK का ओपनर

WTC के बाद दूसरे नंबर पर यह जीत, टेम्बा बावुमा भारतीय किला फतह करने के बाद बोले

अगला लेख