Hanuman Chalisa

खून को पतला रखते हैं ये 6 सुपर फूड्स

WD Feature Desk
शरीर के तमाम अंगों के साथ ही खून की सेहत का ध्यान रखना भी बहुत जरूरी है क्यूंकि गाढ़ा खून जानलेवा हो सकता है। गाढ़ा खून हार्ट अटैक, स्ट्रोक आदि के खतरों को बढ़ाता है। गाढ़ा खून हार्ट अटैक, स्ट्रोक आदि के खतरों को बढ़ाता है। हालांकि कुछ विशेष तरह के सुपर फूड्स की मदद से खून को पतला और सेहतमंद रखा जा सकता है। आइए जानते हैं ऐसे खाद्य पदार्थों के विषय में जो आपके खून को प्राकृतिक रूप से पतला कर सकते हैं।

1. लहसुन

Garlic health benefits

लहसुन सेहत के लिए बहुत लाभकारी है। इसमें ऐसे तत्व पाए जाते हैं जो रक्त के थक्के बनने में शामिल प्रोटीन फाइब्रिनोजेन के उत्पादन को कम करते हैं। लहसुन के नियमित सेवन से रक्त पतला रहता है और उसमें थक्के नहीं जमते हैं।

2. अदरक


अदरक आयुर्वेद में बहुत महत्वपूर्ण स्थान रखता है। अदरक में जिंजरोल्स नामक प्राकृतिक सूजनरोधी तत्व होते हैं। जिंजरोल्स के कारण प्लेटलेट एकत्रीकरण कम होता है। जिससे रक्त पतला रहता है और ब्लड सर्कुलेशन को सुचारू बनाए रखने में मदद मिलती है।

3. हल्दी


भारतीय रसोइयों का यह अहम मसाला कई रोगों की अचूक दवा है। हल्दी में करक्यूमिन नामक महत्वपूर्ण तत्व होता है। करक्यूमिन, एंटीऑक्सीडेंट और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुणों से परिपूर्ण होता है। हल्दी रक्त में थक्के बनने से रोकती है और हल्दी के सेवन से शरीर में रक्त का प्रवाह भी अच्छा रहता है।

4. विटामिन सी से भरपूर फल

Fruits

विटामिन सी हमारे शरीर के लिए बहुत ज़रूरी होता है। संतरे, नींबू, अंगूर, कीवी जैसे खट्टों फलों में विटामिन सी प्रचुर मात्र में पाया जाता है। इन फलों में विटामिन सी के साथ ही बायो फ्लेवोनॉयड्स की भी भरपूर मात्रा मौजूद होती है। ये दोनों ही शरीर की कोशिकाओं की दीवारों को मजबूत बनाते हैं और उनकी सूजन को दूर करते हैं। जिसकी मदद से शरीर में खून में थक्के नहीं जम पाते और खून आसानी से प्रवाहित होता है।

5. ग्रीन टी
ग्रीन टी में एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटीऑक्सीडेंट गुण होते हैं। ग्रीन टी में मौजूद कैटेचिन नामक यौगिक रक्त को पतला कर उसमें थक्के जमने से रोकथम में मदद करता है। कैटेचिन रक्त के थक्के बनने में शामिल दो प्रमुख प्रोटीन फाइब्रिनोजेन और थ्रोम्बिन को बाधित करके काम करता है। फाइब्रिनोजेन एक रक्त प्रोटीन है जो थक्के बनाने में मदद करता है। वहीं थ्रोम्बिन एक एंजाइम है जो फाइब्रिनोजेन को फाइब्रिन में बदलता है। कैटेचिन फाइब्रिनोजेन और थ्रोम्बिन के उत्पादन को कम करके रक्त के थक्के बनने को रोकते हैं। साथ ही इसके नियमित सेवन से कोशिकाओं में रक्त का प्रवाह भी अच्छा होता है। 

6. डार्क चॉकलेट


अगर आप अपने खून को पतला और स्वस्थ रखना चाहते हैं तो सीमित मात्रा में डार्क चॉकलेट का सेवन आपके लिए एक अच्छा विकल्प हो सकता है। डार्क चॉकलेट में फ्लेवोनॉयड्स नामक यौगिक होते हैं जो एंटीऑक्सीडेंट के रूप में कार्य करते हैं। फ्लेवोनॉयड्स रक्त के थक्के बनने की प्रक्रिया को धीमा करके रक्त को पतला करने में मदद करते हैं।

 

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

जरुर पढ़ें

किडनी की सफाई के लिए 3 घरेलू उपाय, डॉक्टर की सलाह से आजमाएं

Summer diet plan: गर्मी से बचने के लिए जानें आयुर्वेदिक पेय और डाइट प्लान

Nautapa and health: नौतपा में ऐसे रखें सेहत का ध्यान, जानें 10 सावधानियां

Nautapa 2026: नौतपा क्या है? जानें इसके कारण और लक्षण

cold water: ज्यादा ठंडा पानी पीना सही है या गलत? जानें सच

सभी देखें

नवीनतम

अमेरिका और ईरान युद्ध दोबारा भड़का तो क्या होगा?

बच्चे की मौत से न टूटे किसी मां-बाप का सपना, यह यूपी सरकार का संकल्प

Savarkar Jayanti 2026: वीर सावरकर जयंती: काला पानी की यातनाएं झेलने वाले वीर क्रांतिकारी की गाथा

Story for Kids: बच्चों के लिए कल्पनाशील कहानी: आइसक्रीम वाला पहाड़ और पिघलती खुशियां

आल्हा जयंती कैसे और कब मनाई जाती है?

अगला लेख