khatu shyam baba

फिटनेस के जुनून से बढ़ सकता है हार्ट अटैक का खतरा, वर्कआउट के समय जरूरी है ये सावधानी

WD Feature Desk
मंगलवार, 8 जुलाई 2025 (15:50 IST)
workout safety: आजकल फिटनेस का क्रेज़ हर तरफ है। लोग जिम में घंटों पसीना बहाते हैं, रनिंग करते हैं, और अपनी बॉडी को फिट रखने के लिए हर संभव कोशिश करते हैं। यह एक अच्छी आदत है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि वर्कआउट के जुनून में कहीं आप अपने दिल को नज़रअंदाज़ तो नहीं कर रहे हैं? अगर ऐसा है, तो यह हार्ट अटैक के खतरे को बढ़ा सकता है!

क्यों ज़रूरी है दिल की सेहत का ध्यान रखना?
हमारा दिल शरीर का सबसे महत्वपूर्ण अंग है। यह लगातार काम करता रहता है, रक्त पंप करता है और हमारे पूरे शरीर को ऑक्सीजन व पोषक तत्व पहुंचाता है। जब हम वर्कआउट करते हैं, तो दिल पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। यदि आप सही तरीके से वर्कआउट नहीं करते या अपनी क्षमता से अधिक ज़ोर लगाते हैं, तो यह आपके दिल के लिए हानिकारक हो सकता है।

ज़्यादा वर्कआउट और हार्ट अटैक का संबंध
आपने अक्सर सुना होगा कि 'अति हर चीज़ की बुरी होती है'। यह बात वर्कआउट पर भी लागू होती है। अत्यधिक या गलत तरीके से किया गया वर्कआउट आपके दिल को कई तरह से नुकसान पहुंचा सकता है:

अरिथमिया (Arrhythmia): बहुत ज़्यादा इंटेंस वर्कआउट से दिल की धड़कन अनियमित हो सकती है। इसे अरिथमिया कहते हैं, जो कभी-कभी गंभीर हार्ट प्रॉब्लम्स का कारण बन सकता है।

दिल की मांसपेशियों में सूजन (Myocarditis): अत्यधिक ज़ोर लगाने से दिल की मांसपेशियों में सूजन आ सकती है, जिसे मायोकार्डिटिस कहते हैं। यह दिल के कार्य को प्रभावित कर सकता है।

प्लाक टूटना (Plaque Rupture): यदि आपकी धमनियों में पहले से ही प्लाक जमा है (जो कोलेस्ट्रॉल और फैट से बनता है), तो अत्यधिक परिश्रम से यह प्लाक टूट सकता है। यह तुरंत रक्त का थक्का बना सकता है, जिससे हार्ट अटैक आ सकता है।

ओवरट्रेनिंग सिंड्रोम (Overtraining Syndrome): लगातार बिना पर्याप्त आराम के वर्कआउट करने से शरीर पर अत्यधिक तनाव पड़ता है। इससे हार्मोनल असंतुलन, थकान और दिल पर अनावश्यक दबाव पड़ सकता है।

कैसे करें समझदारी से वर्कआउट?
तो क्या इसका मतलब यह है कि वर्कआउट छोड़ दें? बिल्कुल नहीं! बस कुछ बातों का ध्यान रखकर आप अपने दिल को सुरक्षित रखते हुए फिट रह सकते हैं:
ALSO READ: वर्कआउट से पहले और बाद में क्या खाएं? जानिए परफेक्ट डाइट प्लान
याद रखें, फिटनेस का मतलब सिर्फ मस्कुलर बॉडी बनाना नहीं है, बल्कि एक स्वस्थ और मजबूत दिल भी है। इसलिए, अगली बार जब आप जिम जाएं या अपनी रनिंग शूज़ पहनें, तो अपने दिल का भी पूरा ध्यान रखें। आखिर, स्वस्थ दिल ही स्वस्थ जीवन की कुंजी है!

अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है।

 

 

 

 

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

जरुर पढ़ें

Holi Thandai: ऐसे बनाएं होली पर भांग की ठंडाई, त्योहार का आनंद हो जाएगा दोगुना

Holi Essay: होलाष्टक, होलिका दहन और धुलेंड़ी पर हिन्दी में रोचक निबंध

शक्ति के बिना अधूरे हैं शक्तिमान: नारी शक्ति के 8 स्वर्णिम प्रमाण

हिन्दी कविता : होलिका दहन

होली पर लघुकथा: स्मृति के रंग

सभी देखें

नवीनतम

Holi special recipes: होली के मौके पर खास पकवान: धुलेंड़ी और होली की स्वादिष्ट रेसिपी

Holi recipes: रंगों और स्वाद का संगम: होली-धुलेंड़ी पर्व के 5 सबसे बेहतरीन पकवान

Happy Holi Wishes 2026: रंगों के त्योहार होली पर अपनों को भेजें ये 10 सबसे मंगलकारी शुभकामनाएं

आज का चटपटा चुटकुला : होली कब है?

Low Blood Sugar: हाइपोग्लाइसीमिया, बॉडी में शुगर कम होने पर क्या लक्षण महसूस होते हैं?

अगला लेख