स्वतंत्रता दिवस पर ट्रंप ने कहा, अमेरिकियों के लिए कुछ भी असंभव नहीं

Webdunia
शनिवार, 6 जुलाई 2019 (01:15 IST)
वॉशिंगटन। अमेरिकियों के लिए 'कुछ भी असंभव नहीं' के ऐलान के साथ अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने बृहस्पतिवार को स्वतंत्रता दिवस मनाया। इस दौरान आयोजित परेड में देश की सैन्य ताकत का अभूतपूर्व प्रदर्शन किया। 
 
हालांकि इस मौके पर उन्होंने अपने भाषण से आलोचकों को चकित कर दिया। वर्ष 2020 की चुनावी दौड़ से पूर्व यह भाषण उनकी ट्रेडमार्क राजनीतिक बयानबाजी से रहित था। 
 
राष्ट्रपति के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान सबसे कम ध्रुवीकरण वाले भाषणों में से एक में ट्रम्प ने वॉशिंगटन में लिंकन मेमोरियल हाल के सामने अमेरिकी सैन्य बलों को श्रद्धांजलि अर्पित की थी। कमांडर इन चीफ द्वारा अमेरिकी स्वतंत्रता दिवस समारोह के राजनीतिकरण को लेकर की गई आलोचनाओं के बीच यह भाषण हुआ। 
 
नेशनल मॉल के ऊपर लड़ाकू विमानों, जिनमें बी-2 बमवर्षक और एफ-35 युद्धक विमान शामिल थे, के शानदार प्रदर्शन के बीच ट्रम्प ने कहा 'अमेरिकियों के लिए कुछ भी असंभव नहीं है।' 
उन्होंने कहा कि 'हमारा देश आज पहले की तुलना में कहीं अधिक मजबूत है।' उन्होंने जोर देते हुए कहा कि देश का भविष्य उन पुरुषों और महिलाओं के कंधों पर टिका है जो इसकी सुरक्षा के लिए तैयार हैं। 
 
‘अमेरिका को सलाम’ संबोधन के दौरान ट्रम्प ने कहा कि 'जब तक हम अपने उद्देश्यों के प्रति ईमानदार रहते हैं, जब तक हम अपने महान इतिहास को याद रखते हैं और जब तक हम अपने उज्जवल भविष्य के लिए लड़ना नहीं छोड़ते हैं तब ऐसा कुछ भी नहीं है जो अमेरिका नहीं कर सकता।' 
उन्होंने कहा 'हम ऐसे लोग रहें हैं, जिन्होंने एक तानाशाह को हराया, एक महाद्वीप पार किया और विज्ञान का उपयोग कर उसे आसमान की ऊंचाई तक ले गए... क्योंकि हम कभी नहीं भूले कि हम अमेरिकी हैं और भविष्य हमारा है।' 
 
73 साल के ट्रम्प पिछले 70 से अधिक वर्षों में अमेरिका के पहले ऐसे राष्ट्रपति हैं, जिन्होंने स्वतंत्रता दिवस पर देश को संबोधित किया है। ट्रम्प के इस कदम की विपक्षी डेमोक्रेटिक नेताओं ने निंदा की है और चार जुलाई 1776 को ब्रिटेन से आजादी की देश की घोषणा का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाया है।
 
दूसरे देशों से इतर अमेरिका का चार जुलाई का स्वतंत्रता दिवस पारंपरिक है और इस दौरान किसी सैन्य परेड़ का आयोजन नहीं किया जाता। अंतिम बार जून 1991 में वॉशिंगटन में 8,000 सैनिकों ने तथाकथित 'राष्ट्रीय विजय उत्सव' में मार्च किया था। यह इराक के पहले अमेरिकी हमले के अंत का प्रतीक था।
इस परेड में ट्रम्प के साथ प्रथम महिला मेलानिया ट्रम्प, उप राष्ट्रपति माइक पेंस, उनके कैबिनेट सहयोगी और शीर्ष सैन्य नेतृत्व भी था। ट्रम्प ने कहा कि यह अवसर अमेरिकी सैनिकों और सेना के अफसरों के अभिनंदन का मौका है। 
 
ट्रम्प ने इस दौरान अपने 45 मिनट के संबोधन में कहा, ‘आज हम एक देश के रूप में साथ आए हैं। अमेरिका को इस विशेष सलामी के साथ, हम हमारे इतिहास का जश्न मना रहे हैं। हम गर्व के साथ हमारे झंडे की रक्षा करने वाले नायकों, अमेरिकी सेना के बहादुर पुरुषों एवं महिलाओं को सम्मानित कर रहे हैं।’
 
ट्रम्प ने कहा कि देश के संस्थापकों का हौंसला बुलंद रखने वाले इसी अमेरिकी जज्बे ने इसके लोगों को मजबूती दी है और यही जज्बा हर अमेरिकी देशभक्त की रगों में दौड़ता है। 
 
विपक्षी डेमोक्रेट नेताओं ने ट्रम्प की आलोचना की और उन पर अगले साल राष्ट्रपति चुनाव से पूर्व स्वतंत्रता दिवस के राजनीतिकरण का आरोप लगाया। ट्रम्प पहले ही ऐलान कर चुके हैं कि वह रिपब्लिकन पार्टी के उम्मीदवार होंगे जबकि 23 डेमोक्रेटक उम्मीदवार नामांकन के लिए प्रतिस्पर्धा कर रहे हैं।
 

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