इंटरनेट सुरक्षा के लिए कार्यरत कंपनी ट्रेंड माइक्रो के अनुसार भार त, एशिया में सातवाँ बड़ा देश है जहाँ स्पैमिंग भारी मात्रा में की जाती है । भारत से किया जाने वाला स्पैम पूरे विश्व के स्पैम क ा लगभग 4 प्रतिशत है, जो एशिया के सभी देशों से ज्यादा है।
अगर बाकी देशों से किए जाने वाले स्पैम प र नजर डालें तो चीन से किए जाने वाला स्पैम विश्व मे ं किए जाने वाले स्पैम का 3.39 प्रतिश त, कोरिया में य ह संख्या 2.57 प्रतिशत औ र थाईलैंड से 2.04 प्रतिशत है।एशिया विश्व में होने वाली स्पैमिंग में 16.57 प्रतिश त का योगदान करता है।
इंटरनेट सुरक्षा के लिए कार्यरत कंपनी ट्रेंड माइक्रो के अनुसार भारत, एशिया में सातवाँ बड़ा देश है जहाँ स्पैमिंग...
विश्व के स्पैमर्स की सूची को देखें तो रूस 11 प्रतिश त के साथ पहले और अमेरिका दूसरे स्थान प र है जो 9.36 प्रतिशत का योगदान करता है।
विश्व के सभी स्पैमर देश 57.4 प्रतिशत का योगदान करते हैं। एक शोध के अनुसार यह बताया जा रहा है कि स्पैम मैसेज इंटरनेट पर आदान या प्रदान किए जाने वाले डाटा का 80 प्रतिशत है। आजकल ज्यादातर स्पैम विज्ञापन मैसेज द्वारा किए जाते हैं।
स्पैमिंग की बढ़ती हुई इस संख्या से कहीं ना कहीं इंटरनेट ट्रैफिक के साथ-साथ, सुरक्षित नेट सर्फिंग पर भी असर पड़ेगा ।