Publish Date: Wed, 01 Apr 2026 (09:15 IST)
Updated Date: Wed, 01 Apr 2026 (12:21 IST)
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हनुमान जयंती पर क्या-क्या करें
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हनुमान जयंती पर क्या न करें
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हनुमान जयंती-FAQS
हनुमान जयंती पर क्या-क्या करें
1. ब्रह्म मुहूर्त में स्नान: सूर्योदय से पहले उठकर स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र, यदि संभव हो तो लाल या पीले धारण करें।
2. हनुमान चालीसा और सुंदरकांड: इस दिन हनुमान चालीसा, बजरंग बाण या सुंदरकांड का पाठ करना अत्यंत फलदायी माना जाता है।
3. सिंदूर का चोला: हनुमान जी को चमेली के तेल में मिला हुआ नारंगी सिंदूर अर्पित करें। यह उनकी कृपा पाने का सबसे उत्तम मार्ग है।
4. विशेष भोग: पवनपुत्र को बूंदी के लड्डू, बेसन के लड्डू या चूरमे का भोग लगाएं।
5. दान-पुण्य: बंदरों को गुड़ और चना खिलाएं। साथ ही, जरूरतमंदों को भोजन या लाल वस्त्र दान करें।
हनुमान जयंती पर क्या न करें
1. व्यर्थ की बातों में समय न बिताएं: हनुमान जयंती पर आलस्य और समय की बर्बादी से बचना चाहिए। यह दिन भगवान की पूजा और ध्यान में लगाने के लिए होता है।
2. सफेद या काले वस्त्र: पूजा के समय काले या सफेद रंग के कपड़े पहनने से बचें। लाल, पीले या केसरिया रंग को प्राथमिकता दें।
3. क्रोध और विवाद: किसी पर क्रोध न करें और न ही अपशब्द बोलें। घर में शांति का वातावरण बनाए रखें।
4. खंडित मूर्ति की पूजा: यदि घर में हनुमान जी की कोई प्रतिमा खंडित या टूटी हुई है, तो उसकी पूजा न करें।
5. तामसिक भोजन का त्याग: इस दिन भूलकर भी मांस, मदिरा, प्याज या लहसुन का सेवन न करें। पूर्णतः सात्विक रहें।
6. सूतक काल में पूजा: यदि परिवार में किसी का जन्म या मृत्यु हुई अर्थात् सूतक/पातक हो, तो मूर्ति स्पर्श न करें, केवल मानसिक जप करें।
हनुमान जयंती-FAQS
1. हनुमान चालीसा का पाठ करें:
हनुमान जयंती पर हनुमान चालीसा का पाठ करना सबसे अहम कार्य है। यह ना केवल भगवान हनुमान की कृपा प्राप्त करने का एक तरीका है, बल्कि इससे मन की शांति भी मिलती है।
2. मंत्र जप करें:
हनुमान जयंती के दिन, विशेष रूप से 'ॐ हं हनुमते नमः' या 'राम दूत हनुमान की जय' जैसे मंत्रों का जप करें। इससे मानसिक शक्ति मिलती है और नकारात्मकता दूर होती है।
3. उपवास रखें:
हनुमान जयंती पर उपवास रखना पुण्यकारी होता है। उपवास से शरीर शुद्ध होता है और मन शांत रहता है।
4. हनुमान मंदिर जाएं और पूजा करें:
इस दिन हनुमान मंदिर में विशेष पूजा होती है। हनुमान जी को सिंदूर, तेल, गुलाल और फूल अर्पित करना शास्त्रों में उल्लेखित है।
विशेष टिप: यदि आप किसी विशेष संकट से जूझ रहे हैं, तो हनुमान जयंती की शाम को किसी मंदिर में जाकर सरसों के तेल का एक दीपक जलाएं और उसमें दो लौंग डाल दें। यह बाधाओं को दूर करने में सहायक माना जाता है।
जय श्री राम! जय हनुमान!
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