Hanuman Chalisa

चिट्ठी-पत्री पर फनी कविता : मां चिट्ठी कैसी होती थी

Webdunia
- सुकीर्ति भटनागर
 
मां चिट्ठी कैसी होती थी,
मुझको जरा दिखाना।
पढ़ चिट्ठी कैसा लगता था,
मुझको जरा बताना।।
 
क्या लिखती थीं दादी-नानी,
उस प्यारी चिट्ठी में?
क्या चेहरा दिखता था उनका,
उस न्यारी चिट्ठी में।।
 
सुन बालक की भोली बातें,
मां का मन हर्षाया।
होता क्या था चिट्ठी में,
मां ने उसे बताया।।
 
चिट्ठी में होती थीं बेटा,
कई गांव की बातें।
रहट-बैल की बातें होतीं,
धूप-छांव की बातें।।
 
बातें होती थीं झूलों की,
बातें थीं सावन की।
बातें पनिहारिन-पनघट की,
बातें घर-आंगन की।।
 
पूछा करती थी चिट्ठी में,
दादी तेरा हाल।
लिखती फागुन में आ जाओ,
खेलेंगे रंग-गुलाल।।
 
अमराई की गूंज भरी,
बातें होती चिट्ठी में।
खेतों की बातें होती थीं,
गंध जहां मिट्टी में।।
 
नीम-बेल, तुलसी चौरे की,
नानी बातें करती।
पढ़ सखियों की बातें मेरी,
आंखें झर-झर झरतीं।।
 
जैसे तुम कम्प्यूटर में ही,
देख सभी को पाते।
देख फिल्म, टीवी तुम हर दिन,
अपना मन बहलाते।।
 
बेटा स्नेहभरी वे चिट्ठियां,
मेरा मन बहलाती।
लगा कल्पना पंख सलोने,
मैं सबको मिल जाती।।
 
साभार - देवपुत्र

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

जरुर पढ़ें

Hiccups Relief Tips: बार-बार हिचकी क्यों आती है? जानें कारण और आसान उपचार

इलाज आपकी थाली में, ध्यान नहीं दिया तो साइलेंट किलर साबित हो सकता है एनीमिया

घर संभालने वाली महिलाओं को 30 हजार; पर 'हाउस हसबैंड्स' का क्या?

भरपूर लाभ के लिए रोज करें मंडूकासन; जानिए इसे करने का सही तरीका

हिंदी साहित्य में पहेली के रूप में लिखी जाने वाली एक लयात्मक कविता: कह मुकरियां

सभी देखें

नवीनतम

Guru Hargobind Jayanti 2026: गुरु हरगोविंद सिंह जयंती: जानें उनके बताए सिद्धांत, जो आज भी हैं प्रासंगिक

राम मंदिर: सात्विकता, सुशासन और सनातन की अग्निपरीक्षा

Sant Kabir: अनपढ़ थे कबीर, फिर कैसे डिगा दी बड़े-बड़े पंडितों की गद्दी? सिकंदर लोदी भी टेक चुका था घुटने!

बॉलीवुड फ़िल्में जोड़ रही हैं भारत और लैटिन अमेरिका को

Diabetes Control Tips: बिना दवा के भी कंट्रोल हो सकती है शुगर! आजमाएं ये 10 जादुई और बेहद आसान घरेलू उपाय

अगला लेख