Hanuman Chalisa

आईटी क्षेत्र में छंटनी का खतरा नहीं

Webdunia
गुरुवार, 18 मई 2017 (21:05 IST)
नई दिल्ली। सूचना प्रौद्योगिकी उद्योग के प्रमुख संगठन नास्कॉम ने आईटी क्षेत्र में बड़े पैमाने पर छंटनियों की खबरों को खारिज करते हुए कहा कि इस साल शुद्ध आधार पर इस क्षेत्र डेढ़ लाख लोगों की भर्ती की जाएगी। हालांकि इसके साथ ही नास्कॉम ने कहा कि आईटी पेशेवरों को समय के हिसाब से खुद को कुशल बनाने की जरूरत है।
 
पिछले कुछ सप्ताह से ऐसी खबरें आ रही हैं कि इस साल विप्रो, इन्फोसिस और कॉग्निजेंट जैसी कंपनियों द्वारा 50,000 से अधिक कर्मचारियों को बाहर का रास्ता दिखाया जाएगा। नास्कॉम के अध्यक्ष आर. चंद्रशेखर ने यहां कहा कि हम स्पष्ट तौर पर क्षेत्र में छंटनी की खबरों का खंडन करते हैं।
 
वित्त वर्ष 2016-17 में इस क्षेत्र में 1.7 लाख नए कर्मचारी जोड़े गए, वहीं अकेले चौथी तिमाही में ही शीर्ष पांच कंपनियों ने सकल आधार पर 50,000 से अधिक नियुक्तियां कीं। इसके साथ ही नास्कॉम ने जोड़ा कि कर्मचारियों को खुद को समय की जरूरत के हिसाब से कुशल बनाना होगा या फिर उन्हें हटने के लिए तैयार रहना होगा। इसकी वजह यह है कि आज दुनिया नई प्रौद्योगिकियों मसलन ऑटोमेशन, रोबोटिक्स, विश्लेषण और साइबर सुरक्षा की ओर बढ़ रही है।
 
चंद्रशेखर ने कहा कि एसोसिएशन ने अपने  से बात की है जिन्होंने आश्वासन दिया है कि उद्योग में शुद्ध रूप से नियुक्तियां जारी रहेंगी। इस साल 1.5 लाख नई नियुक्तियां की जाएंगी। इसके अलावा प्रौद्योगिकी स्टार्टअप, ई-कामर्स, डिजिटल इंडिया और डिजिटल भुगतान जैसे क्षेत्रों में नए अवसर पैदा हो रहे हैं।
 
2025 तक 30 लाख नए रोजगार के अवसर पैदा होने की उम्मीद है। इस संवाददाता सम्मेलन में प्रमुख कंपनियों- कॉग्निजेंट, विप्रो और माइंडट्री के प्रतिनिधि भी मौजूद थे। आईटी कंपनियों ने अपना वार्षिक प्रदर्शन आकलन शुरू किया है। इस दौरान खराब प्रदर्शन करने वाले कर्मचारियों को हटाया जाता है।
 
चंद्रशेखर ने कहा कि आईटी कंपनियों ने कहा है कि इस साल कुछ अलग नहीं हुआ है। प्रदर्शन के आधार पर हर साल 0.5 से 3 प्रतिशत कर्मचारियों को इधर उधर किया जाता है और इस बार भी इसमें किसी तरह का बदलाव नहीं हुआ है। प्रत्येक कंपनी प्रतिस्पर्धी बने रहने के लिए इस तरह का कदम उठाती है।
 
हालांकि नास्कॉम की ओर से यह नहीं बताया गया कि इस साल छंटनियों को लेकर हो-हल्ला क्यों मच रहा है। कर्मचारियों की छंटनी की खबर से उद्योग में चिंता है। यह उद्योग पहले ही अमेरिका, सिंगापुर, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड में नौकरी-वीजा नियमों को कड़ा किए जाने की वजह से दबाव में है। (भाषा) 
Show comments

जरूर पढ़ें

बंगाल में अवैध घुसपैठ पर मोदी सरकार सख्‍त, हाईलेवल कमेटी ऑन डेमोग्राफिक चेंज का गठन, अवैध बांग्लादेशियों में हड़कंप

चीन में बैठे सर्जन ने हैदराबाद में किया ऑपरेशन, क्या 5G और रोबोटिक्स बदल देंगे दुनिया की सर्जरी का भविष्य?

जैसलमेर में 500 गायों के शव मिलने से हड़कंप: सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद एक्शन

बलात्कारी बाबा, बार-बार पैरोल, क्या भारत में कानून सिर्फ आम लोगों के लिए है?

कचरे के साथ उड़ा दिए 8.70 करोड़! बैंक ने जब CCTV खंगाला, तो उड़ गए सबके होश

सभी देखें

नवीनतम

CBSE 12वीं के नतीजे घोषित, 85.20% स्‍टूडेंट हुए पास, लड़कियों ने फिर मारी बाजी

CBSE 12th Result 2026: 18.5 लाख छात्रों का इंतजार खत्म होने वाला, DigiLocker-UMANG पर जल्द जारी हो सकता है रिजल्ट

छत्तीसगढ़ बोर्ड ने जारी किया 10वीं और 12वीं का रिजल्ट, जानिए कितने फीसदी विद्यार्थी हुए उत्‍तीर्ण?

इंजीनियरिंग के लिए यदि जेईई की परीक्षा नहीं देंगे तो क्या होगा?

MP Board Result 2026 : 10वीं-12वीं के नतीजे 15 अप्रैल को सुबह 11 बजे, ऐसे करें चेक

अगला लेख