Festival Posters

नागपंचमी के दिन नागदेव से करें यह शुभ प्रार्थना, 7 पीढ़ियों तक मिलेगा आशीष

Webdunia
नागपंचमी विशेष : नागदेव से करें यह प्रार्थना
 
पंचम्यां तत्र भविता ब्रह्मा प्रोवाच लेलीहान।
तस्मादियं महाबाहो पंचमी दयिता सदा।
नागानामानन्दकरी दंत वै ब्रह्नणा पुरा।। 
 
अर्थात : 
 
ब्रह्माजी ने पंचमी तिथि को ही नाग-सर्पों को वर दिया था कि जन्मेजय के सर्प यज्ञ के दौरान ऋषि आस्तिक आपकी रक्षा करेंगे। पंचमी के दिन ही आस्तिक मुनि ने नागों की रक्षा की थी इसलिए पंचमी तिथि नागों को विशेष प्रिय है। 
 
नागपंचमी पर 12 नागों की क्रमश: पूजन करें। ये क्रम इस प्रकार हैं-
 
अनंत, वासुकि, शंख, पद्म, कंबल, कर्कोटक, अष्ववर, धृतराष्ट्र, शंखपाल, कालिया, तक्षक एवं पिंगल।> >
 
पूजन के बाद सर्प देवता से प्रार्थना करें,  नमस्कार करें, जैसे अन्य देवताओं को नमस्कार करते हैं, वैसे ही सर्पों को नमस्कार का विधान वेदों में बताया गया है। 
 
नमोस्तु सर्पेभ्यो ये के च पृथ्वीमनु।
येऽ अंतरिक्षे ये दिवितेभ्य: सर्पेभ्यो नम:।।
 
जो सर्प पृथ्वी के अंदर व अंतरिक्ष में हैं और स्वर्ग में हैं, उन सर्पों को नमस्कार है। राक्षसों  के लिए बाण के समान तीक्ष्ण और वनस्पति के अनुकूल तथा जंगलों में रहने वाले सर्पों को नमस्कार है। 
 
ये वामी रोचने दिवो ये वा सूर्यस्य रश्मिषु।
येषामपसु सदस्कृतं तेभ्य: सर्वेभ्यो: नम:।। 
 
जो सूर्य की किरणों में सूर्य की ओर मुख किए हुए चला करते हैं तथा जो सागरों में समूह रूप से रहते हैं, उन सर्पों को नमस्कार है। तीनों लोकों में जो सर्प हैं, उन्हें भी हम नमस्कार करते हैं।
 
विशेष : जो व्यक्ति नागपंचमी को सोने, चांदी व तांबे के नाग बनवाकर शिव मंदिर में चढ़ाता है व ब्राह्मण को दान देता है, उसका हमेशा के लिए सर्प का भय खत्म हो जाता है और वह स्वर्गलोक को प्राप्त होता है। 

ALSO READ: नागपंचमी 2021 पर कैसे करें नागदेव की आराधना, पढ़ें 12 राशियां

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

ज़रूर पढ़ें

कौन था मायावी कालनेमि? योगी आदित्यनाथ के बयान के बाद क्यों छिड़ी है सनातन पर नई बहस?

धार की भोजशाला: जहाँ पत्थरों पर खुदी है 'संस्कृत' और दीवारों में कैद है परमारों का वैभव

नर्मदा परिक्रमा का क्या है महत्व, कितने दिन चलना पड़ता है पैदल

Video: यमुना नदी में कालिया नाग का अवतार? सोशल मीडिया पर वायरल दावे का जानिए पूरा सच

Vastu Remedies: वास्तु दोष निवारण के सबसे असरदार 5 उपाय

सभी देखें

धर्म संसार

25 January Birthday: आपको 25 जनवरी, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 25 जनवरी 2026: रविवार का पंचांग और शुभ समय

भीष्म अष्टमी 2026: पितामह का निर्वाण दिवस, जानें इस दिन का महत्व

Weekly Rashifal 2026: साप्ताहिक राशिफल (26 जनवरी से 01 फरवरी 2026): जानिए इस सप्ताह आपके सितारे क्या कहते हैं!

नर्मदा की अनंत धारा: एक विद्धत चेतना का आह्वान

अगला लेख