Publish Date: Tue, 28 Apr 2020 (13:36 IST)
Updated Date: Tue, 28 Apr 2020 (13:42 IST)
अर्नब गोस्वामी को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। उनसे 10 घंटों से भी ज्यादा समय तक पुलिस की पूछताछ को लेकर सोशल मीडिया पर सवाल उठाए जा रहे हैं। उन पर हमला करने वालों को जमानत दे देने पर भी बहस जारी है। एक कांग्रेस नेता के ट्वीट के बाद भी यह मामला गर्म गया है। सोशल मीडिया पर अर्नब के समर्थन में कई ट्रेंड्स चल रहे हैं।
मुंबई पुलिस ने रिपब्लिक के संस्थापक अर्नब गोस्वामी से 10 घंटों से भी ज्यादा समय तक पूछताछ की। इसी वजह से मंगलवार को उनके हिंदी और अंग्रेजी दोनों चैनलों पर आने वाले अपने नियमित कार्यक्रमों में भी अर्नब उपस्थित नहीं हो सके। हालांकि पुलिस की पूछताछ के बाद वो फिर से चैनल पर नजर आए और उन्होंने सोनिया गांधी से सवाल भी पूछे। पुलिस की पूछताछ के बाद अर्नब गोस्वामी ने कहा कि वो अपने बयान पर अब भी कायम हैं।
अर्नब ने बाद में कहा कि वे पुलिस का सहयोग कर रहे हैं। अगर पुलिस उन्हें दोबारा बुलाएगी तो वे फिर से जाएंगे। उन्होंने कहा कि उन्हें गिरफ़्तारी का डर नहीं है। बल्कि असली मुद्दा पालघर में साधुओं की निर्मम हत्या का है। पूछताछ के बाद स्टूडियो लौटते हुए गोस्वामी ने ‘सोनिया स्पीक अप नाउ’ टैग के साथ न्यूज़ शो में एंकरिंग की।
उदित राज ले आए जाति
इधर कांग्रेस के एक नेता उदित राज ने भी अर्नब गोस्वामी के ऊपर जाति को लेकर टिप्पणी की। उन्होंने अर्नब गोस्वामी के बारे में ट्विटर पर लिखा कि-
अब वो ज़माना गया, जब किसी खास जाति का होने से प्रिविलेज मिल जाता था। अब देश में मनुस्मृति नहीं बल्कि ‘बाबासाहब अंबेडकर का संविधान’ चलता है।
इधर ‘रिपब्लिक टीवी’ और अर्नब ने इस बात पर नाराज़गी जाहिर की कि उनके बार-बार आग्रह करने के बाद भी उनके और उनकी पत्नी सामिय गोस्वामी पर हमला करने वाले दोनों कांग्रेस नेताओं 15 हजार पर जमानत दे दी गई। इतना ही नहीं, मुंबई पुलिस ने तो हमलावरों के खिलाफ मामला दर्ज करने से ही इनकार कर दिया।