Publish Date: Wed, 23 Nov 2022 (22:38 IST)
Updated Date: Wed, 23 Nov 2022 (23:03 IST)
नई दिल्ली। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स)-दिल्ली में इस्तेमाल होने वाला राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र का ई-हॉस्पिटल सर्वर सुबह 7 बजे से बंद है जिसके चलते बहिरंग रोगी विभाग (ओपीडी) और नमूना संग्रह सेवाएं प्रभावित हुई हैं। एम्स ने एक बयान में कहा कि एम्स में काम कर रही राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (एनआईसी) की एक टीम ने सूचित किया है कि यह एक रैंसमवेयर हमला हो सकता है।
एम्स के अधिकारियों ने कहा कि ये सभी सेवाएं फिलहाल 'मैनुअल मोड' पर काम कर रही हैं। एम्स ने एक बयान में कहा कि एम्स में काम कर रही राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (एनआईसी) की एक टीम ने सूचित किया है कि यह एक रैंसमवेयर हमला हो सकता है। उचित कानून प्रवर्तन अधिकारी इसकी जांच करेंगे।
एम्स के एक अधिकारी ने कहा कि सर्वर बंद होने से स्मार्ट लैब, बिलिंग, रिपोर्ट जनरेशन और अपॉइंटमेंट सिस्टम समेत ओपीडी और आईपीडी डिजिटल अस्पताल सेवाएं प्रभावित हुई हैं। एक अन्य अधिकारी ने कहा कि ओपीडी और नमूना संग्रह सेवाएं 'मैनुअल मोड' में प्रदान की गईं।
एम्स ने बयान में कहा कि डिजिटल सेवाएं बहाल करने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं और भारतीय कम्प्यूटर इमरजेंसी रिस्पांस टीम (सीईआरटी-इन) व एनआईसी की मदद ली जा रही है। बयान में कहा गया है कि भविष्य में इस तरह के हमलों को रोकने के लिए एम्स और एनआईसी उचित सावधानी बरतेंगे। शाम 7.30 बजे तक अस्पताल सेवाएं मैनुअल मोड पर प्रदान की जा रही हैं।(भाषा)
Edited by: Ravindra Gupta