Hanuman Chalisa

रॉबर्ट वाड्रा को पहली राहत, अदालत ने दी विदेश जाने की अनुमति

Webdunia
सोमवार, 3 जून 2019 (19:25 IST)
नई दिल्ली। दिल्ली की एक अदालत ने मनी लांड्रिंग के एक मामले में आरोपी रॉबर्ट वाड्रा को स्वास्थ्य संबंधी कारणों के चलते 6 सप्ताह के लिए विदेश जाने की अनुमति दे दी।
 
विशेष न्यायाधीश अरविंद कुमार ने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के बहनोई वाड्रा को 6 सप्ताह के लिए अमेरिका और नीदरलैंड्स की यात्रा करने की अनुमति प्रदान कर दी और उन्हें यात्रा कार्यक्रम सौंपने का निर्देश दिया, साथ ही अदालत ने वाड्रा पर कई शर्तें भी लगाईं। अदालत ने वाड्रा को हालांकि लंदन जाने की अनुमति नहीं दी।
 
वाड्रा के वकील केटीएस तुलसी ने दलीलों के दौरान अदालत से कहा कि ब्रिटेन की यात्रा को लेकर प्रवर्तन निदेशालय की आपत्ति के मद्देनजर वाड्रा अपने पूर्व के निवेदन के अनुरूप लंदन नहीं जाएंगे।
 
सॉलिसीटर जनरल तुषार मेहता और प्रवर्तन निदेशालय की ओर से पेश अधिवक्ता नीतेश राणा ने वाड्रा की उस याचिका का विरोध किया था जिसमें उन्होंने स्वास्थ्य संबंधी कारणों का उल्लेख करते हुए ब्रिटेन और अन्य देशों की यात्रा की अनुमति मांगी थी।
 
एजेंसी ने आशंका जताई थी कि अगर आरोपी को ब्रिटेन जाने की अनुमति दी गई तो वे साक्ष्यों को नष्ट कर सकते हैं। वाड्रा लंदन के 12 ब्रायंस्टन स्क्वैयर क्षेत्र में 19 लाख पाउंड मूल्य की संपत्ति खरीदने को लेकर मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों का सामना कर रहे हैं।
 
अपने आदेश में अदालत ने वाड्रा से विदेश में उनके ठहरने का पता तथा उनसे संपर्क के लिए फोन नंबर सौंपने को कहा, साथ ही अदालत ने उन्हें 25 लाख रुपए की एक बैंक गारंटी जमा करने और वापस आने से 24 घंटे पहले अदालत को अपने आगमन की सूचना देने के लिए भी कहा।
 
अदालत ने कहा कि न तो वे सबूतों से छेड़छाड़ करें, न ही किसी भी गवाह को किसी तरह से प्रभावित करने का प्रयास करें और न ही स्वयं को दी गई अनुमति का नियमों के विरुद्ध जाकर उपयोग करें। आवेदक को जांच अधिकारी से सूचना मिलने के 72 घंटे के अंदर जांच में सहयोग करना होगा।
 
वाड्रा ने अदालत को बताया था कि सर गंगाराम अस्पताल के अनुसार उनकी बड़ी आंत में ट्यूमर है जिसके इलाज के लिए अनुमति मिलने पर वे लंदन में चिकित्सकों से परामर्श ले सकते हैं।
 
प्रवर्तन निदेशालय ने उनके आवेदन का विरोध करते हुए कहा था कि यह कारण केवल बहाना है जिसकी आड़ में वाड्रा वहां जाना चाहते हैं, जहां उन्होंने मनी लॉन्ड्रिंग के बाद उन्होंने धन जमा कर रखा है। एजेंसी ने अदालत में यह भी कहा था कि इस मामले में वाड्रा के कथित हथियार कारोबारी संजय भंडारी से संबंध हैं और भंडारी लंदन में है।
 
मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम कानून के तहत मामले में जांच का सामना कर रहे वाड्रा को एक अदालत ने बिना अनुमति के देश से बाहर न जाने के लिए कहा था। अदालत ने उन्हें कई शर्तों के साथ अग्रिम जमानत भी दी थी। (भाषा)

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

न विज्ञान का तर्क, न समय की मार, इंतजार के 12 साल, आज भी गुरु के 'जागने' की आस में पथराई हजारों आंखें

भारत में निपाह वायरस से हड़कंप, संक्रमण के 2 केस आए सामने, क्‍या बोला WHO

Ajit Pawar plane crash Baramati : 'ट्रैफिक जाम' ने तय किया जिंदगी और मौत का फासला, ब्रेसलेट बना आखिरी पहचान, 5 सपनों की दर्दनाक मौत

Realme P4 Power 5G भारत में लॉन्च, 10,001 mAh की 'मॉन्स्टर' बैटरी और 6500 निट्स ब्राइटनेस के साथ मचाएगा तहलका

ट्रंप को क्‍यों आई भारत की याद, क्‍या चीन को घेरने की है तैयारी, PM मोदी को भेजा 'पैक्स सिलिका' का न्‍योता

सभी देखें

नवीनतम

सुनेत्रा पवार बनीं महाराष्ट्र की पहली महिला डिप्टी CM, संभाली पति अजित की विरासत

मुख्यमंत्री योगी के विजन से उत्तर प्रदेश बनेगा देश का अग्रणी फार्मा हब

पीएम सूर्य घर योजना में यूपी की मजबूत भागीदारी, आए 10.94 लाख से ज्‍यादा आवेदन

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री धामी पहुंचे कोटद्वार, 2 दिवसीय बर्ड फेस्टिवल का किया उद्घाटन

LIVE: महाराष्ट्र की पहली महिला डिप्टी सीएम बनीं सुनेत्रा पवार

अगला लेख