Publish Date: Sun, 30 Dec 2018 (19:16 IST)
Updated Date: Sun, 30 Dec 2018 (19:22 IST)
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के लखनऊ में रविवार को पत्रकारों को संबोधित करते हुए समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि गाजीपुर में पुलिस कांस्टेबल के साथ हुई घटना दुखद है। यह तो सरकार की संवेदनहीनता है कि इतनी बड़ी घटना के बाद भी प्रदेश में पुलिस के शीर्ष अधिकारी लखनऊ में क्रिकेट मैच खेल रहे हैं।
उन्होंने कहा कि गाजीपुर में यह घटना इसलिए घटी क्योंकि प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सदन में हों या फिर मंच पर उनकी भाषा सुनने लायक होती है। वे सिर्फ कहते हैं ठोक दो लेकिन कभी पुलिस को समझ में नहीं आता किसे ठोंकना है और कभी जनता को समझ में नहीं आता है कि किसे ठोंकना है?
उन्होंने कहा कि जब किसी अधिकारी को पता चल जाता है उसका तबादला होने वाला है वो एनकाउंटर कर कुर्सी बचा लेता है। मैं तो भाजपा के बारे में मैं तो एक बात जानता हूं कि काला चश्मा लगाइए मुख्यमंत्री बन जाइए। यह लोग तो भ्रष्टाचार रोकने का बड़ा दावा कर रहे थे लेकिन सब सामने आ गया कि लखनऊ में उनके शीर्ष मंत्रियों के कार्यालयों में क्या हिसाब-किताब हो रहा था?
सपा सुप्रीमों ने कहा कि यह तय है कि सरकार भाजपा नहीं आरएसएस चला रही है। अखिलेश यादव ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी ने बालि को हमारी जाति का बताया लेकिन सब जानते हैं कि बाली और हनुमानजी में क्या संबंध है?
उन्होंने चुटकी लेते हुए कहा कि सरकार बनाने में जो लोग कल तक साथ खड़े थे। आज वही मंच साझा करने से कतरा रहे हैं क्योंकि साथी भी जान चुके हैं की जनता को कब तक झूठ के सहारे से भ्रमित किया जा सकता है।