Hanuman Chalisa

शाकंभरी नवरात्रि में माता की यह अनूठी कथा आपको अवश्य पढ़ना चाहिए

Webdunia
मां शाकंभरी देवी दुर्गा के अवतारों में एक हैं। दुर्गा के सभी अवतारों में से मां रक्तदंतिका, भीमा, भ्रामरी, शताक्षी तथा शाकंभरी प्रसिद्ध हैं। नवरात्रि में इनकी कथा का पाठ अवश्‍य करना चाहिए। 
 
मां शाकंभरी की पौराणिक ग्रंथों में वर्णित कथा के अनुसार, एक समय जब पृथ्‍वी पर दुर्गम नामक दैत्य ने आतंक का माहौल पैदा किया। इस तरह करीब सौ वर्ष तक वर्षा न होने के कारण अन्न-जल के अभाव में भयंकर सूखा पड़ा, जिससे लोग मर रहे थे। जीवन खत्म हो रहा था। उस दैत्य ने ब्रह्माजी से चारों वेद चुरा लिए थे।
 
तब आदिशक्ति मां दुर्गा का रूप मां शाकंभरी देवी में अवतरित हुई, जिनके सौ नेत्र थे। उन्होंने रोना शुरू किया, रोने पर आंसू निकले और इस तरह पूरी धरती में जल का प्रवाह हो गया। अंत में मां शाकंभरी दुर्गम दैत्य का अंत कर दिया।
 
एक अन्य कथा के अनुसार शाकुम्भरा (शाकंभरी) देवी ने 100 वर्षों तक तप किया था और महीने के अंत में एक बार शाकाहारी भोजन कर तप किया था। ऐसी निर्जीव जगह जहां पर 100 वर्ष तक पानी भी नहीं था, वहां पर पेड़-पौधे उत्पन्न हो गए। 
 
यहां पर साधु-संत माता का चमत्कार देखने के लिए आए और उन्हें शाकाहारी भोजन दिया गया। इसका तात्पर्य यह था कि माता केवल शाकाहारी भोजन का भोग ग्रहण करती हैं और इस घटना के बाद से माता का नाम 'शाकंभरी माता' पड़ा। 

ALSO READ: 3 जनवरी 2020 से शाकंभरी नवरात्रि, 9 दिन होगी मां अन्नपूर्णा की आराधना
 

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

ज़रूर पढ़ें

जानिए 3 रहस्यमयी बातें: कब से हो रही है शुरू गुप्त नवरात्रि और इसका महत्व

खरमास समाप्त, मांगलिक कार्य प्रारंभ, जानिए विवाह और वाहन खरीदी के शुभ मुहूर्त

मनचाहा फल पाने के लिए गुप्त नवरात्रि में करें ये 5 अचूक उपाय, हर बाधा होगी दूर

हिंदू नववर्ष पर प्रारंभ हो रहा है रौद्र संवत्सर, 5 बातों को लेकर रहे सावधान

सावधान! सच होने वाली है भविष्यवाणी, शनि के कारण कई देशों का बदलने वाला है भूगोल, भयानक होगा युद्ध?

सभी देखें

धर्म संसार

Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (21 जनवरी, 2026)

21 January Birthday: आपको 21 जनवरी, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 21 जनवरी 2026: बुधवार का पंचांग और शुभ समय

Vastu Remedies: वास्तु दोष निवारण के सबसे असरदार 5 उपाय

नर्मदा जयंती 2026: कब है, क्यों मनाई जाती है और क्या है इसका धार्मिक महत्व?

अगला लेख