Hanuman Chalisa

गुरुवार को करें साईं बाबा की आराधना, पढ़ें व्रत के नियम व मंत्र

Webdunia
Sai Baba
'सबका मालिक एक' नाम से भक्तों के बीच प्रसिद्ध शिर्डी के साईं बाबा अपने सभी भक्तों की मनोकामना शीघ्र ही पूर्ण करते हैं। माना जाता है कि अगर 9 गुरुवार तक साईं बाबा का व्रत लगातार किया जाए, तो हर मनोकामना पूरी हो सकती है। 
 
अपने सभी दुखी भक्तों को सहारा देते हैं साईं, फिर भक्त की मनोकामना चाहे नौकरी की हो या शादी की, व्यापार वृद्धि, नौकरी में प्रमोशन या फिर अच्छे वेतन, आर्थिक संपन्नता पाने की क्यों न हो।
 
इसके लिए मनुष्‍य को साईं बाबा का व्रत हर गुरुवार को रखकर उनकी उपासना करनी चाहिए। किसी भी शुक्ल अथवा कृष्ण पक्ष की किसी भी तिथि में गुरुवार के दिन आप यह व्रत शुरू कर सकते हैं। लगातार 9 गुरुवार तक व्रत करने से आपकी समस्त मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। 
 
इसके अलावा साईं के निम्न मंत्रों का जाप आपके जीवन की समस्त दु:ख, परेशानियां दूर करके आपको नित-नए उन्नति के नए रास्ते देते हैं। 
 
ये हैं साईंबाबा के प्रिय विशेष मंत्र
 
1. ॐ साईं राम
 
2. ॐ साईं गुरुवाय नम:
 
3. सबका मालिक एक है
 
4. ॐ साईं देवाय नम:
 
5. ॐ शिर्डी देवाय नम:
 
6. ॐ समाधिदेवाय नम:
 
7. ॐ सर्वदेवाय रूपाय नम:
 
8. ॐ शिर्डी वासाय विद्महे सच्चिदानंदाय धीमहि तनो साईं प्रचोदयात
 
9. ॐ अजर अमराय नम:
 
10. ॐ मालिकाय नम:
 
11. जय-जय साईं राम
 
12. ॐ सर्वज्ञा सर्व देवता स्वरूप अवतारा। 
 
इन विशेष मंत्रों से साईं की आराधना प्रतिदिन अथवा हर गुरुवार को अवश्य करें, निश्चित ही आपके सारे कष्ट दूर होंगे। 
 
-राजश्री कासलीवाल 

ALSO READ: 64 योगिनियों में से एक सुर-सुंदरी योगिनी के बारे में रोचक जानकारी

ALSO READ: पारस पीपल की पूजा से होते हैं चमत्कारिक फायदे

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

ज़रूर पढ़ें

अधिकमास 2026: क्यों माना जाता है सबसे पवित्र महीना? जानें पूजा विधि, मंत्र और 6 खास बातें

वास्तु टिप्स: खुशहाल घर और खुशहाल जीवन के 10 सरल उपाय vastu tips

सूर्य के वृषभ राशि में प्रवेश से बदलेंगे वैश्विक हालात? जानें भविष्यफल

सूर्य का वृषभ राशि में प्रवेश, जानें मेष से मीन तक किसे मिलेगा लाभ, राशिफल

घर में रात में चमगादढ़ घुसने के हैं 6 कारण, भूलकर भी न करें नजरअंदाज, तुरंत बरतें ये सावधानियां

सभी देखें

धर्म संसार

वट सावित्री व्रत: सुहागिनों के लिए महाव्रत, जानें पूजा से जुड़ी 10 अनसुनी और जरूरी बातें vat savitri vrat 2026

Vat Savitri Vrat: वट सावित्री व्रत का अर्थ, पूजा विधि, आरती, चालीसा और कथा

Jyeshtha Amavasya Vrat 2026: ज्येष्ठ अमावस्या व्रत और पूजा विधि

Jyeshtha Amavasya 2026: ज्येष्ठ माह की अमावस्या का क्या है महत्व, जानिए पौराणिक कथा

Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (15 मई, 2026)

अगला लेख