Hanuman Chalisa

मायावती की बसपा कार्यकर्ताओं से अपील, लॉकडाउन का पालन करें, घरों में ही मनाएं आम्बेडकर जयंती

Webdunia
रविवार, 12 अप्रैल 2020 (14:52 IST)
लखनऊ। बसपा प्रमुख मायावती ने रविवार को बसपा कार्यकर्ता से अपील करते हुए कहा कि आगामी 14 अप्रैल को लॉकडाउन का पालन कर अपने घरों में ही आम्बेडकर जयंती मनाएं।

मायावती ने ट्विटर पा आम्बेडकर के अनुयायियों और बसपा कार्यकर्ताओं से कहा, 'वर्तमान में कोरोना वायरस महामारी के चलते सभी से अपील है कि सरकारी पाबन्दियों का सख़्ती से अनुपालन करते हुए, अपनी रगों में बसने वाले बाबा साहेब डॉ. आम्बेडकर की जयन्ती को अपने-अपने घरों में ही मनायें। यही बेहतर होगा।'

उन्होंने कहा, 'साथ ही, इनकी (अनुयायियों की) इस महामारी के दौरान भी हो रही दयनीय स्थिति और उत्पीड़न के बारे में तथा इससे मुक्ति पाने के लिए भी गम्भीरता से जरूर चिन्तन करना चाहिए। इस मौके पर मेरी इन्हें यह भी ख़ास सलाह है।'

मायावती ने ट्वीट किया, ‘मानवतावादी सोच/कर्म एवं आजीवन कड़ा संघर्ष/त्याग की प्रतिमूर्ति और देश को अनुपम समतामूलक संविधान देने वाले परमपूज्य बाबा साहेब भीमराव आम्बेडकर अपने अनुयायियों और ख़ासकर बसपा के लोगों के लिए हर मायने में प्रेरक, कर्म और धर्म भी हैं।‘ (भाषा)

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

पाकिस्तान-अफगानिस्तान वार्ता बिना समझौते खत्म, तनाव बरकरार, चीन की चौधराहट भी नहीं आई काम

Ceasefire : अमेरिका का दावा, ईरान ने मांगी सीजफायर की 'भीख', होर्मुज पर जारी रहेगी फीस

ईरान-अमेरिका युद्धविराम के बाद कश्मीर और लद्दाख में मना जश्‍न, CM उमर अब्दुल्ला समेत क्‍या बोले क्षेत्र के दिग्गज नेता?

डोनाल्ड ट्रंप की चेतावनी- ईरान छोड़े यूरेनियम संवर्धन, हथियार देने वाले देशों पर 50% टैरिफ

ईरान ने ट्रंप के सीजफायर पर लगाई मुहर: 10 सूत्रीय प्रस्ताव पर बातचीत को तैयार, 2 हफ्ते खुला रहेगा हार्मुज

सभी देखें

नवीनतम

ईरान ने फिर बंद किया Strait of Hormuz, लेबनान में 254 मौत के बाद भड़का तनाव, समझौता तोड़ने की धमकी

नोएडा हादसा : घेराबंदी के बावजूद गड्ढे में उतरने से हुआ हादसा, पुलिस, फायर ब्रिगेड, SDRF की टीमों ने तत्काल रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया

UP में योगी सरकार का बड़ा धमाका, GeM पोर्टल से बचाए ₹9,700 करोड़, महिला उद्यमियों की भी चमकी किस्मत

जख्मी खामनेई मोजतबा की अमेरिका-ईरान सीजफायर में क्या रही भूमिका, कैसे पर्दे के पीछे चली हाईलेवल कूटनीति, पढ़िए पूरी कहानी

पाकिस्तान-अफगानिस्तान वार्ता बिना समझौते खत्म, तनाव बरकरार, चीन की चौधराहट भी नहीं आई काम

अगला लेख