Hanuman Chalisa

हमेशा स्वस्थ रहना है, तो आजमाएं ये 15 सरल उपाय...

Webdunia
* प्याज के रस में नींबू का रस मिलाकर पीने से उल्टियाँ आना बंद हो जाती हैं। 
 
* गैस की तकलीफ से तुरंत राहत पाने के लिए लहसुन की 2 कली छीलकर 2 चम्मच शुद्ध घी के साथ चबाकर खाएं। फौरन आराम होगा। 
 
* सूखे तेजपान के पत्तों को बारीक पीसकर हर तीसरे दिन एक बार मंजन करने से दांत चमकने लगते हैं। 
 
* ताजा हरा धनिया मसलकर सूंघने से छींके आना बंद हो जाती हैं। 
 
* प्याज का रस लगाने से मस्सों के छोटे-छोटे टुकड़े होकर जड़ से गिर जाते हैं। 
 
* यदि नींद न आने की शिकायत है, तो रात्रि में सोते समय तलवों पर सरसों का तेल लगाएं। 
 
* एक कप गुलाब जल में आधा नीबू निचोड़ लें, इससे सुबह-शाम कुल्ले करने पर मुंह की बदबू दूर होकर मसूड़े व दांत मजबूत होते हैं। 
 
* भोजन के साथ 2 केले प्रतिदिन सेवन करने से भूख में वृद्धि होती है। 
 
* आंवला भूनकर खाने से खांसी में फौरन राहत मिलती है। 
 
* 250 ग्राम छाछ में 10 ग्राम गुड़ डालकर सिर धोने से अथवा नींबू का रस लगाकर सिर धोने से रूसी दूर होती है।
 
* 1 चम्मच शुद्ध घी में हींग मिलाकर पीने से पेटदर्द में राहत मिलती है। 
 
* टमाटर को पीसकर चेहरे पर इसका लेप लगाने से त्वचा की कांति और चमक दो गुना बढ़ जाती है। मुंहासे, चेहरे की झाइयां और दाग-धब्बे दूर करने में मदद मिलती है। 
 
* पसीना अधिक आता हो तो पानी में फिटकरी डालकर स्नान करें। 
 
* उबलते पानी में नींबू निचोड़कर पानी पीने से ज्वर का तापमान गिर जाता है। 
 
* सोने से पहले सरसों का तेल नाभि पर लगाने से होंठ नहीं फटते। 
 

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

जरुर पढ़ें

किडनी की सफाई के लिए 3 घरेलू उपाय, डॉक्टर की सलाह से आजमाएं

Summer diet plan: गर्मी से बचने के लिए जानें आयुर्वेदिक पेय और डाइट प्लान

Nautapa and health: नौतपा में ऐसे रखें सेहत का ध्यान, जानें 10 सावधानियां

Nautapa 2026: नौतपा क्या है? जानें इसके कारण और लक्षण

cold water: ज्यादा ठंडा पानी पीना सही है या गलत? जानें सच

सभी देखें

नवीनतम

Rajaram Mohan Roy: आधुनिक भारत के जनक राजाराम मोहन राय की जयंती, जानें उनके विचार

लघुकथा: 'क्या आपने !'

नार्वे में पत्रकारिता या पब्लिसिटी स्टंट?

बंगाल में राजनीतिक हिंसा रोकना भाजपा सरकार की सबसे बड़ी चुनौती

Nautapa 2026: 25 मई से नौतपा: भीषण गर्मी के दिन, जानें महत्व, पर्यावरण और सेहत पर प्रभाव

अगला लेख