Imran Khan news in hindi : रावलपिंडी की जेल में बंद पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की मौत को लेकर सोशल मीडिया पर अपुष्ट दावे तेजी से वायरल हो रहे हैं। अफवाहों की शुरुआत अफगान टाइ्मस नामक एक सोशल मीडिया हैंडल से हुई, जिसने दावा किया कि उसे सूत्रों से जानकारी मिली है कि इमरान खान की अदियाला जेल में 'हत्या' कर दी गई है।
हालांकि इन दावों की किसी भी विश्वसनीय एजेंसी या सरकारी विभाग ने पुष्टि नहीं की है। इमरान खान 6 मई 2023 से जेल में बंद हैं। सोशल मीडिया और खबरों की मानें तो एक अफवाह ये भी है कि जेल में इमरान खान की हत्या आर्मी चीफ आसिम मुनीर आईएसआई के इशारे पर जेल में उनका कत्ल कर दिया गया है।
यह अफवाहें ऐसे समय में सामने आई हैं, जब हाल ही में खबर आई थी कि इमरान खान के परिवार को उनसे जेल में मिलने नहीं दिया जा रहा है और उन्हें एकांतवास (सॉलिटरी कन्फाइनमेंट) में रखा गया है। यह भी बताया गया कि उनकी बहनें अदियाला जेल के बाहर मिलने की मांग को लेकर धरने पर बैठी थीं, जहां उनके साथ कथित तौर पर बदसलूकी की गई।
मारपीट के लगाए आरोप
इमरान खान की तीन बहनों- नूरीन, अलीमा और उज्मा- ने आरोप लगाया है कि राजनीतिक नेता के साथ जेल के अंदर 'बर्बरता से मारपीट' की गई। उनका दावा है कि अदियाला जेल में पहले भी इमरान खान ने जेल प्रशासन पर दुर्व्यवहार और उत्पीड़न के आरोप लगाए थे। 72 वर्षीय पूर्व क्रिकेटर से नेता बने इमरान खान वर्ष 2023 से कई भ्रष्टाचार मामलों में दोषी ठहराए जाने के बाद से जेल में बंद हैं।
क्या आया सोशल मीडिया पर
बुधवार को उनकी मौत की अपुष्ट खबरों के बाद कुछ रिपोर्ट्स में यह भी दावा किया गया कि हजारों समर्थकों ने रावलपिंडी जेल पर धावा बोल दिया। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पहले ट्विटर) पर #ImranKhan ट्रेंड करने लगा और कई यूजर्स ने दावा किया कि इमरान खान की हत्या कर दी गई है। एक X यूजर ने लिखा,
“रिपोर्ट्स और अफवाहें हैं कि इमरान खान को पाकिस्तानी सेना ने जेल में मार दिया है। यह भी कहा जा रहा है कि उनके परिवार को करीब एक महीने से उनसे मिलने नहीं दिया गया। इमरान खान कहां हैं?”
कुछ यूजर्स ने एक वीडियो भी साझा किया, जिसमें इमरान खान को स्ट्रेचर पर लेटे हुए दिखाए जाने का दावा किया गया, हालांकि आशंका है कि ये वीडियो एडिटेड (डॉक्टर्ड) हो सकते हैं। यह पूरा विवाद अफगानिस्तान नाम के एक X अकाउंट की 'ब्रेकिंग न्यूज' पोस्ट से शुरू हुआ, जिसमें लिखा गया कि 'इमरान खान की रहस्यमयी तरीके से हत्या कर दी गई है।'
पाकिस्तान सरकार ने दावों को बताया अफवाह
पोस्ट में लिखा गया कि पाकिस्तान से मिले एक विश्वसनीय सूत्र ने अफगानिस्तान टाइम्स को बताया है कि पीटीआई चेयरमैन इमरान खान की रहस्यमयी तरीके से हत्या कर दी गई है और उनका शव जेल से बाहर ले जाया गया है। इस बीच कई स्थानीय एक्स अकाउंट्स ने भी बड़ी भीड़ की तस्वीरें शेयर करते हुए दावा किया कि ये इमरान खान के समर्थक हैं जिन्होंने अदियाला जेल पर धावा बोला और विरोध प्रदर्शन किया। कुछ भारतीय न्यूज चैनलों ने भी अफगानिस्तान का हवाला देते हुए पोस्ट किया, लेकिन साथ में यह डिस्क्लेमर भी दिया कि 'इस दावे की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।' हालांकि पाकिस्तान सरकार ने इन दावों को अफवाह करार दिया है।
दुर्व्यवहार के आरोपों ने बढ़ाई अफवाहों की आग
जुलाई महीने में जेल में 'कठोर व्यवहार' की शिकायत करते हुए इमरान खान ने अपने पार्टी कार्यकर्ताओं से अपील की थी कि अगर उनके साथ कुछ होता है तो सेना प्रमुख फील्ड मार्शल असीम मुनीर को जिम्मेदार ठहराया जाए। सत्ता से अविश्वास प्रस्ताव के जरिए हटाए गए पूर्व प्रधानमंत्री ने आरोप लगाया था कि एक कर्नल और जेल अधीक्षक, असीम मुनीर के 'आदेशों पर' कार्रवाई कर रहे हैं। इमरान खान द्वारा हाल ही में लगाए गए दुर्व्यवहार और उत्पीड़न के आरोपों ने इन अफवाहों को और हवा दी है, जिससे कई लोगों को आशंका है कि उनके साथ कुछ गंभीर घटना हो सकती है।
साप्ताहिक मुलाकातों से किया गया वंचित
पिछले हफ्ते पुलिस ने कथित तौर पर इमरान खान की बहनों को घसीटा, उनके साथ बदसलूकी की और हिरासत में ले लिया। यह घटना तब हुई जब बहनों को साप्ताहिक मुलाकात से वंचित किए जाने के बाद उन्होंने जेल के बाहर 10 घंटे तक धरना दिया, जिसे काफी मीडिया कवरेज मिली।
उनका कहना है कि पूर्व प्रधानमंत्री को अमानवीय परिस्थितियों में एकांतवास में रखा गया है और उन्होंने उनकी रिहाई की मांग की। पीटीआई का दावा है कि एक महिला पुलिस अधिकारी ने नूरीन के बाल पकड़कर उन्हें सड़क पर घसीटा और जमीन पर धकेल दिया, जबकि अन्य दो बहनों के साथ भी बदसलूकी की गई। द टेलीग्राफ की एक रिपोर्ट के मुताबिक इमरान खान वर्टिगो और टिनिटस जैसी बीमारियों से जूझ रहे हैं। इमरान खान की मेडिकल रिपोर्ट में यह बताया गया है कि उनके एक कान की सुनने की शक्ति लगातार कम हो रही है, जिसका इलाज भी जारी है। Edited by : Sudhir Sharma