Hanuman Chalisa

तोता पालने के 5 फायदे और 1 नुकसान

अनिरुद्ध जोशी
शनिवार, 22 फ़रवरी 2020 (14:30 IST)
तोता की तस्वीर या चित्र लगाने से क्या होता है? और, मिट्ठू या मिठू पालने से क्या होता है? आओ जानते हैं इस संबंध में वास्तुशास्त्र और लाल किताब में क्या लिखा है।
 
 
वास्तुशास्त्र :
1. वास्तुशास्त्र के अनुसार उत्तर दिशा में तोते की तस्वीर को लगाने से पढ़ाई में बच्चों की रुचि बढ़ती है, साथ ही उनकी स्मरण क्षमता में भी इजाफा होता है।
 
 
2.पति और पत्नी में प्रेम संबंध स्थापित करने के लिए भी फेंगशुई के अनुसार तोते के जोड़े को स्थापित किया जाता है।
 
 
3.तोता प्रेम, वफादारी, लंबी आयु और सौभाग्य का प्रतीक होता है। अगर आप घर में बीमारी, निराशा, दरिद्रता और सुखों का अभाव महसूस कर रहे हैं तो तोते का चित्र या मूर्ति घर में स्थापित करें।
 
 
4.पद्मपुराण में उल्लेख मिलता है कि जिस घर में तोता पाला जाता है और उसका नाम भगवान के नाम पर रखा जाता है और वह तोता यदि अपने पाले जाने में खुश रहता है तो उस घर और उस घर के सदस्यों में कभी भी राहु, केतु और शनि की वक्र दृष्टि नहीं पड़ती है। वहां कोई अकाल मृत्यु नहीं मरता है और उस घर में सौभाग्य की वृद्धि होती जाती है। शुकोपाख्यानम् ग्रंथ में एक तोते के बलिदान की मार्मिक कहानी मिलती है।
 
 
5.फेंगशुई के अनुसार तोता 5 तत्वों का संतुलन स्थापित करने में मददगार साबित होता है। तोते के रंग-बिरंगे पंख वास्तव में पृथ्वी, अग्नि, जल, लकड़ी और धातु के प्रतीक हैं। अगर घर में इनमें से किसी भी तत्व की कमी है, तो वह इससे दूर हो जाती है।
 
 
लाल किताब के अनुसार एक नुकसान : 
1.बहुत से लोग पिंजरे में तोता पाल लेते हैं, लेकिन तोता पालना बहुत ही गलत है। पले हुए तोते यदि खुश नहीं हैं तो वह रोज आपको बद्दुआ देगा। आपको यह समझना चाहिए कि पक्षियों को बंधक बनाकर रखना पाप है। इसके कई दुष्परिणाम भुगतने होते हैं।
 
 
दरअसल, तोतों में यह क्षमता है कि वो जो भी सुनते हैं उसे आसानी से याद कर लेते हैं और उसे वे मन ही मन या बोलकर दोहराते रहते हैं। ऐसे में अगर आपके घर में गाली-गलौच या झगड़े चलते हैं तो वह भी इसी प्रकार का व्यवहार करेगा। इससे आपके घर में नकारात्मक ऊर्जा का स्‍थायी निर्माण हो जाएगा। इस तरह तोता पालना कई मामलों में शुभ भी है और अशुभ भी।
 
 
लाल किताब के अनुसार कुंडली का विश्लेषण करके बहुत से लोगों को तोता नहीं पालने की हिदायत दी जाती है और बहुत से लोगों को बुधवार के दिन पिंजरे में कंठी वाला तोता पालने का कहा जाता है लेकिन उसके लिए नियम बनाए गए हैं। यदि किसी ने गलती से तोता पाल लिया है तो उसे तुरंत की लाल किताब के विशेषज्ञ से मिलना चाहिए। हो सकता है कि यह तोता ही आपके दुर्भाग्य और बर्बादी का कारण हो।


1.यदि आपका व्यापार ठीक तरह से नहीं चल रहा है तो बुधवार के दिन एक तोता पिंजरे सहित खरीद कर लाएं और उसे आजाद कर दें। तोता जितनी दूर उड़कर जाएगा, आपका व्यापार उतना ही अधिक चलेगा।
 
 
2.यदि दूसरे भाव में बुध ग्रह है तो जातक को घरेलू पशु नहीं पालना चाहिए। जैसे भेड़, बकरी और तोता।

सम्बंधित जानकारी

Show comments

ज़रूर पढ़ें

2026 का दूसरा सूर्य ग्रहण कब लगेगा? 5 राशियों पर अशुभ असर, 3 की चमकेगी किस्मत, जानें तारीख और उपाय

Nautapa 2026: नौतपा क्या है? जानें इसके कारण और लक्षण

दक्षिण दिशा से जुड़ी ये गलतियां बना सकती हैं कंगाल, जानिए क्या रखें और क्या नहीं

बुधादित्य राजयोग से चमकेगी 4 राशियों की किस्मत, नौकरी-व्यापार में होगा बड़ा लाभ

अपरा एकादशी 2026: कब है तिथि और क्या है इसका धार्मिक महत्व? जानिए सब कुछ

सभी देखें

नवीनतम

Jyeshtha Amavasya Vrat 2026: ज्येष्ठ अमावस्या व्रत और पूजा विधि

सूर्य के वृषभ राशि में प्रवेश से बदलेंगे वैश्विक हालात? जानें भविष्यफल

सूर्य का वृषभ राशि में प्रवेश, जानें मेष से मीन तक किसे मिलेगा लाभ, राशिफल

Guru Pradosh Vrat 2026: गुरु प्रदोष का व्रत रखने का महत्व और विधि

Achala Ekadashi 2026: अचला एकादशी व्रत का समय, पूजा और पारण विधि

अगला लेख