Hanuman Chalisa

उज्जैन के कालभैरव मंदिर जा रहे हैं तो सोच-समझकर खरीदें मदिरा

वेबदुनिया न्यूज डेस्क
शुक्रवार, 7 अगस्त 2020 (15:47 IST)
उज्जैन के प्रसिद्ध कालभैरव मंदिर उज्जैन की सदियों पुरानी परंपरा फिलहाल बंद है। दरअसल, यहां भैरवनाथ को मदिरा का प्रसाद चढ़ाया जाता है। ऐसे में लगभग सभी श्रद्धालु अन्य प्रसाद के साथ ही मदिरा का भोग भी लगाते हैं। 
 
हालांकि कोरोना लॉकडाउन के बाद से मंदिर में मदिरा चढ़ाने की परंपरा पर फिलहाल रोक लगी हुई है। लेकिन, ऐसे में असमंजस की स्थिति उस समय उत्पन्न हो जाती है, बाहर से आने वाले व्यक्ति चढ़ावे के लिए मदिरा तो खरीद लेते हैं, लेकिन मंदिर में प्रवेश के बाद उन्हें चढ़ाने की अनुमति नहीं मिलती। 
 
बताया जा रहा है कि कई बार विवाद की स्थिति भी निर्मित हो जाती है। शराब खरीदने के बाद जब लोग मंदिर में जाते हैं और वहां उन्हें शराब चढ़ाने की अनुमति नहीं मिलती है तो फिर बाहर आकर दुकान पर शराब वापस करने का आग्रह करते हैं, लेकिन दुकानदार वापस नहीं लेता। इसी के चलते कई बार विवाद भी होता है। 
 
जब इस संबंध में वेबदुनिया ने एसडीएम राकेश मोहन त्रिपाठी से बात की तो उन्होंने इस बात की पुष्टि करते हुए बताया कि फिलहाल कालभैरव मंदिर में मदिरा चढ़ाने पर प्रतिबंध है। उन्होंने कहा कि जल्द ही वे एक प्रतिवेदन भेजने वाले हैं ताकि असमंजस की स्थिति उत्पन्न नहीं हो। 
 
कितना प्राचीन है मंदिर : कालभैरव का यह मंदिर लगभग 6000 साल पुराना माना जाता है। प्राचीन समय में यहां सिर्फ तांत्रिकों को ही आने की अनुमति थी। कालान्तर में ये मंदिर आम लोगों के लिए खोल दिया गया। कालभैरव को मदिरा चढ़ाने का सिलसिला भी सदियों से ही चला आ रहा है। खास अवसरों पर प्रशासन की ओर से भी बाबा को मदिरा चढ़ाई जाती है।
 

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

किस मामले को लेकर बौखलाया चीन, भारत से कहा- बीच में मत पड़ो, यह हमारा मामला

'महंगाई मैन' का फिर हमला, राहुल गांधी का पेट्रोल मूल्यवृद्धि के बाद मोदी पर तीखा तंज

पेट्रोल-डीजल की बढ़ी कीमतों पर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का बयान, कब तक मिलेगी राहत

मासूम की चीखों पर 'बेशर्म' मुस्कुराहट, 10 साल की बच्ची का यौन उत्पीड़न, हत्या के बाद मंत्री और पुलिस अधिकारियों के व्यवहार पर भड़के लोग

जस्टिस स्वर्णकांता ने किया बहिष्कार तो माने अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया ने भी की हां

सभी देखें

नवीनतम

श्री श्री रविशंकर के आर्ट ऑफ लिविंग के प्रयासों से भारत के सॉफ्ट पावर को मिली नई ऊर्जा

मुंबई के मीरा रोड में आधी रात को भारी बवाल: सोसाइटी में बकरों के शेड को लेकर भिड़े दो पक्ष, पुलिस बल तैनात

समुद्र में चीन की मनमानी पर लगेगा ब्रेक? दिल्ली में क्वाड देशों ने दिया कड़ा संदेश

उत्‍तराखंड के CM धामी ने चेताया, सड़क पर न हो नमाज, अधिकारियों को दिए निर्देश

NEET जैसी परीक्षा कराना कैसे बन गई सरकार के लिए चुनौती?

अगला लेख