khatu shyam baba

Amalner : फूलों से खिलती है मंगल देवता की संत सखाराम महाराज नर्सरी

Webdunia
शनिवार, 21 जनवरी 2023 (14:34 IST)
अमलनेर- Shri Mangal Dev Grah Mandir Amalner: महाराष्ट्र के जलगांव के पास अमलनेर में स्थित प्राचीन मंगलदेव ग्रह मंदिर में नित्य नई गतिविधियों का संचालन होता रहता है। प्रकृति से जुड़ने वाली गतिविधियों में से एक संत सखाराम महाराज नर्सरी है। इस नर्सरी को देखना अद्भुत है। करीब 20 वर्षों से इसका रखरखाव किया जा रहा है।
 
मंगल ग्रह मंदिर की इस नर्सरी में विभिन्न रंगों के फूलों के पौधे लगाए गए हैं और नर्सरी हमेशा फूलों से भरी रहती है। इससे यहां आने वाले श्रद्धालुओं का मन हमेशा प्रसन्न रहता है। नर्सरी को देखकर सभी खुश हो जाते हैं और उन्हें शांति का अहसास होता है। अमलनेर स्थित श्री मंगल ग्रह मंदिर में प्रतिदिन हजारों श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं। यहां नर्सरी की हरियाली देख भक्तों का मन भी प्रफुल्लित है।
 
श्री मंगलग्रह सेवा संस्था के अध्यक्ष डिगंबर महाले ने यहां की नर्सरी में तरह-तरह के पौधों की कटिंग बनाई है। इसमें गुलाब, कन्हेर, जाखंड, मोगरा, चमेली जुई, शेवंती, टगर, चांदनी, बोगनविलिया, चाफा, वाटर लिली इसके साथ ही बरगद, उम्बर, पीपल, झाड़ी, टोपिआका, नींबू, जामुन, नारियल, आम, गुलमोहर सहित कई शामिल हैं।
 
शो प्लांट की बात करते तो स्नेक प्लांट, गंध तुलसी, कंचन, बावा जैसे विभिन्न प्रकार के पौधों की कलम भी तैयार की जाती है। यहां की नर्सरी में गार्डन कटिंग से ग्राफ्ट तैयार किए जाते हैं। इन कलमों को खाद के साथ मिश्रित मिट्टी में छोटे थैलों में लगाया जाता है। मंदिर की नर्सरी में वर्तमान में पंद्रह हजार पौधों की खेती की जा चुकी है।

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

ज़रूर पढ़ें

हिंदू पुराण, ज्योतिष, नास्त्रेदमस, बाबा वेंगा और भविष्‍य मालिका की 6 कॉमन भविष्यवाणियां

सूर्य का मीन राशि में गोचर: इन 6 राशियों के लिए खुलेंगे तरक्की और धन के नए रास्ते

चैत्र नवरात्रि 2026: घट स्थापना का शुभ मुहूर्त क्या है? जानें कलश स्थापना का सही समय

हिंदू नववर्ष 2083 के कौन है वर्ष का राजा और मंत्री, किन राशियों पर रहेगा शुभ प्रभाव

विक्रम संवत सबसे प्राचीन होने के बाद भी भारत का राष्ट्रीय कैलेंडर क्यों नहीं बना? जानिए 3 बड़े कारण

सभी देखें

धर्म संसार

Meen sankranti 2026: मीन संक्रांति कब है, क्या महत्व है इसका?

पापमोचनी एकादशी का व्रत रखने का तरीका, महत्व और 3 फायदे

Papamochani Ekadashi Katha 2026: पापमोचिनी एकादशी की कथा कहानी

Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (14 मार्च, 2026)

14 March Birthday: आपको 14 मार्च, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!

अगला लेख