Publish Date: Sat, 03 Oct 2020 (21:04 IST)
Updated Date: Sat, 03 Oct 2020 (21:30 IST)
लखनऊ। उत्तरप्रदेश (Uttar Pradesh) के हाथरस (Hathras case) में हैवानियत की शिकार पीड़िता की मौत के बाद मचे सियासी घमासान के बीच योगी आदित्यनाथ सरकार ने मामले की जांच केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) जांच की सिफारिश की है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर सूबे के अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश अवस्थी और पुलिस महानिदेशक हितेश चन्द्र अवस्थी ने शनिवार को पीड़िता के परिजनों से मुलाकात की थी।
इसके बाद देर शाम योगी ने उच्चस्तरीय बैठक में मामले की जांच सीबीआई से कराने की अनुशंसा की। उधर पीड़िता के भाई-भाभी ने सीबीआई जांच के सरकार के फैसले से असंतुष्टि जताई।
उनका कहना था कि परिवार ने कभी भी सीबीआई जांच की मांग नहीं की, क्योंकि परिवार को सरकारी एजेंसी पर भरोसा नहीं है। उन्होंने कहा कि परिवार चाहता है कि मामले की जांच उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश से कराई जाए।
पीड़िता के परिवार से मिले राहुल- प्रियंका : कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी और महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने पीड़िता के घर शनिवार को पहुंचकर उसके परिवार से मुलाकात की। प्रशासन से अनुमति मिलने के बाद राहुल, प्रियंका और कांग्रेस के कुछ अन्य नेता हाथरस पहुंचे हैं।
इससे पहले, डीएनडी पर कांग्रेस के नेताओं और कार्यकर्ताओं के बड़ी संख्या में जमा होने के बाद प्रशासन ने राहुल गांधी समेत 5 लोगों को हाथरस जाने की अनुमति दी। हाथरस रवाना होने से कुछ देर पहले राहुल ने कहा कि उन्हें इस दु:खी परिवार से मिलने से दुनिया की कोई भी ताकत नहीं रोक सकती।
गुरुवार को पीड़िता के परिवार से मुलाकात के लिए राहुल और प्रियंका के हाथरस जाते समय पुलिस ने दोनों नेताओं को रोक कर हिरासत में ले लिया था। कांग्रेस ने दावा किया कि राहुल और प्रियंका को उत्तरप्रदेश की पुलिस ने गिरफ्तार किया था। (वार्ता/भाषा)