Hanuman Chalisa

दागी बोपैया की नियुक्ति को अदालत में चुनौती देंगे : कांग्रेस

Webdunia
शुक्रवार, 18 मई 2018 (19:54 IST)
नई दिल्ली। कांग्रेस ने कर्नाटक में शक्ति परीक्षण से पहले राज्यपाल द्वारा भाजपा विधायक केजी बोपैया को विधानसभा का अस्थायी अध्यक्ष नियुक्त किए जाने पर सवाल उठाते हुए कहा कि यह सब जालसाजी करके बहुमत साबित करने के लिए किया गया है और इस फैसले को अदालत में शुक्रवार को ही चुनौती दी जाएगी।
 
 
पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि हम बोपैया को विधानसभा का अस्थायी अध्यक्ष बनाए जाने के खिलाफ सकारात्मक रूप से अदालत का रुख करेंगे और शुक्रवार को ही करेंगे। जहां प्रजातंत्र का एनकाउंटर किया जा रहा है वहां अस्थायी अध्यक्ष का मामला और महत्वपूर्ण हो जाता है। सुरजेवाला ने आरोप लगाया कि राज्यपाल वजूभाई वाला ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और अमित शाह के कहने पर तीसरी बार संविधान का एनकाउंटर कर दिया।
 
उन्होंने कहा कि दागी बोपैयाजी वही हैं जिन्होंने 2010 में येदियुरप्पा की सरकार बचाने के लिए संविधान की धज्जियां उड़ा दी थीं। उच्चतम न्यायालय ने उनके आदेश को खारिज कर दिया था। दरअसल बोपैया ने 2010 में कई विधायकों की सदस्यता रद्द कर दी थी, हालांकि बाद में शीर्ष अदालत ने उनके फैसले को रद्द कर दिया था।
 
सुरजेवाला के मुताबिक न्यायालय ने स्पष्ट किया था कि बोपैया ने संवैधानिक नियमों का उल्लंघन किया ताकि येदियुरप्पा की सरकार बचाई जा सके। उसी तरह के हालात आज फिर हैं और बोपैया को फिर से येदियुरप्पा को बचाने के लिए नियुक्त किया गया है। इससे यह साबित होता है कि भाजपा के पास बहुमत नहीं है इसलिए वह जालसाजी करके बहुमत हासिल करना चाहती हैं। यह जिम्मेदारी सदन के सबसे वरिष्ठ सदस्य को दिए जाने की संवैधानिक परंपरा रही है और कर्नाटक में भी इसी का पालन होना चाहिए।
 
इससे पहले कांग्रेस के प्रवक्ता अभिषेक सिंघवी ने संवाददाताओं से कहा कि संसद और विधानसभाओं के अस्थायी अध्यक्ष को लेकर यह परंपरा रही है कि सबसे वरिष्ठ सदस्य इस भूमिका को निभाता है। उसका काम सिर्फ खुद शपथ लेना और फिर दूसरों को शपथ दिलाना है। इसके बाद सीधे विश्वास प्रस्ताव पर वोटिंग होती है। कांग्रेस नहीं चाहती कि यह परंपरा टूटे। कांग्रेस का कहना है कि उसके विधायक आरवी देशपांडे को यह जिम्मेदारी दी जानी चाहिए थी।
 
कर्नाटक के मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा को शनिवार को बहुमत सिद्ध करना है। इसको देखते हुए राज्यपाल ने नवगठित विधानसभा के संचालन हेतु अस्थायी (प्रोटेम) अध्यक्ष के लिए भाजपा विधायक केजी बोपैया को नियुक्त किया है। (भाषा)

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

जब तक जवाबदेही तय नहीं होगी, असल समस्या हल नहीं होगी, NEET paper leak पर सुप्रीम कोर्ट सख्त

भारत में इलेक्ट्रिक स्कूटी की कीमत कैसे तय होती है, खरीदते समय किन बातों का रखें ध्यान? कीमत के अलावा ये फैक्टर्स भी हैं बेहद जरूरी

रूस-तालिबान डिफेंस डील से उड़े पाकिस्तान के होश, भारत के लिए क्या हैं इसके कूटनीतिक मायने?

ईरान का दावा- 'बुशहर में गिराया अमेरिकी विमान', भड़का अमेरिका; क्या खटाई में पड़ेगा 60 दिनों का युद्धविराम?

राहुल गांधी ने बिछाई 2029 की बिसात: क्‍या कांग्रेस अब ‘हाईकमान मॉडल’ छोड़ क्षेत्रीय चेहरों पर लगाएगी दांव?

सभी देखें

नवीनतम

New Rule : 1 जून से बदल जाएंगे पैसे, टैक्स, UPI और बैंकिंग के नियम, आपकी जेब पर पड़ेगा सीधा असर

लखनऊ में बनेगी देशभक्ति की नई पहचान, राजनाथ सिंह और योगी करेंगे ‘नौसेना शौर्य वाटिका’ का लोकार्पण

NDA सरकार के 12 साल पूरे होने पर यूपी में 21 जून तक चलेगा बड़ा जनसंपर्क अभियान, हर विधानसभा में निकलेगी ‘प्रगति पथ यात्रा’

यूपी के 1.40 लाख स्कूलों का होगा सुरक्षा ऑडिट, छात्रों की सुरक्षा के लिए सरकार की बड़ी पहल

वनतारा फिर कोर्ट टेस्ट में पास, सुप्रीम कोर्ट ने नई अर्जी खारिज की, जानवरों के ट्रांसफर को बताया वैध

अगला लेख