Hanuman Chalisa

एनआरआई कोटे से मेडिकल में गलत दाखिला, अब गिरेगी गाज

Webdunia
शुक्रवार, 6 अक्टूबर 2017 (13:26 IST)
जबलपुर। मध्यप्रदेश चिकित्सा विज्ञान विश्वविद्यालय ने सभी शासकीय और निजी मेडिकल तथा डेंटल कॉलेजों को पत्र लिख एनआरआई कोटे के तहत दाखिला पाने वाले छात्रों के दस्तावेज तलब किए हैं। कॉलेजों को पत्र लिखकर 10 अक्टूबर तक आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध करने के निर्देश दिए गए हैं। 
 
विश्वविद्यालय द्वारा तीन अक्टूबर को जारी किए गए पत्र को सभी सरकारी और निजी मेडिकल कॉलेज एवं डेंटल कॉलेजों से कहा गया कि वर्ष 2016-17 में बीडीएमएस, एमबीबीएस, एसडीएस तथा एमडी, एमएस, डिप्लोमा, सुपर स्पेशलिस्ट पाठ्यक्रम में दाखिला लेने वाले छात्रों के आवश्यक दस्तावेज 10 अक्टूबर तक जमा करवाने के निर्देश दिए गए हैं। पत्र में यह भी कहा गया कि है कि निर्धारित तिथि तक आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं करवाए जाते हैं तो विश्वविद्यालय द्वारा छात्रों को नामांकन प्रदान नहीं किया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी कॉलेज प्रबंधन की होगी।
 
विश्वविद्यालय ने कॉलेज प्रबंधन से एनआरआई कोटे से दिए गए छात्रों की प्रवेश सूची के साथ उन्हें किस गाइड लाइन के आधार पर प्रवेश दिया है, इस संबंध में दस्तावेज मांगे हैं। इसके अलावा प्रवेश परीक्षा तथा अलॉटमेंट लेटर भी मांगे गए हैं।
 
विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. आरएस शर्मा ने बताया कि मेडिकल कॉलेज में निर्धारित सीटों का 15 प्रतिशत एनआरआई कोटा निर्धारित रहता है। विश्वविद्यालय के अधीन प्रदेश के सभी 6 मेडिकल कॉलेजों के अलावा सात निजी  मेडिकल कॉलेज आते हैं। इन मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस कोर्स के लिए 150 सीट आवंटित है। इसके अलावा एमसीआई द्वारा प्रतिवर्ष एमडी, एमएस, डिप्लोमा, सुपर स्पेशलिस्ट पाठ्यक्रम के लिए सीट आवंटित करता है। इसके अलावा शासकीय इंदौर डेंटल कॉलेज सहित 10 डेंटल कॉलेज विश्व विद्यालय के अधीन है। इन कॉलेजों को पत्र जारी कर एनआरआई कोटे के तहत दाखिला लेने वाले छात्रों से संबंधित दस्तावेज मांगे हैं। जो छात्र आपात्र होंगे उनका  नामांकन विश्वविद्यालय द्वारा नहीं किया जाएगा। 
 
विश्व विद्यालय के अंतगर्त आने वाले सात प्रायवेट मेडिकल कॉलेज में एनआरआई कोटे में फर्जीवाड़ा कर प्रवेश पाने वाले छात्रों पर अगामी दिनों में गाज गिर सकती है। इस कॉलेजों में एनआरआई कोटे की 158 सीटें हैं। इसके अलावा पीजी कोर्स, बीडीएमएस तथा एमडीएस कोर्स में भी एनआरआई कोटे में हुई धांधली भी दस्तावेजों की जांच में उजागर होने की संभावना है। एनआरआई कोटे की सीटें कॉलेज प्रबंधन द्वारा लाखों रुपए लेकर बेचे जाने के आरोपी की वास्तविकता भी दस्तावेजों की जांच में उजागर हो जाएगी। 
 
प्रदेश के प्रायवेट मेडिकल कॉलेजों के द्वारा प्रवेश नियम 2017 का पालन नहीं किया गया है। नियम की धारा 6 (3) के तहत एनआरआई कोटे में प्रवेश लेने वाला छात्र को स्वंय आप्रवासी होना चाहिए। इस संबंध में उन्होंने प्रदेश के मुख्य सचिव, सचिव स्वास्थ विभाग तथा डीएमई से शिकायत की है। (वार्ता)

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

जरुर पढ़ें

गर्मी में यदि लू लग जाए तो करें ये घरेलू उपचार

Vastu tips: किराए के घर में रह रहे हैं? तो जान लें ये 8 वास्तु टिप्स, जो बदल देंगे आपकी किस्मत

cold water: ज्यादा ठंडा पानी पीना सही है या गलत? जानें सच

सफर में गर्मी से बचना है? अपनाएं ये 5 आसान देसी उपाय, नहीं होगा हीट स्ट्रोक

Summer health tips: गर्मी में धूप से बचने के 10 प्रभावी उपाय

सभी देखें

नवीनतम

Watermelon Granita: तरबूज के छिलकों को फेंकने से पहले देखें यह रेसिपी, बन जाएगी शानदार डिश

Lord Shantinath jayanti: जैन धर्म के 16वें तीर्थंकर भगवान शांतिनाथ की जयंती

International Family Day: अंतरराष्ट्रीय परिवार दिवस, जानें डिजिटल युग में परिवार के साथ जुड़ाव बनाए रखने के तरीके

वास्तु टिप्स: खुशहाल घर और खुशहाल जीवन के 10 सरल उपाय vastu tips

स्वस्थ एवं सशक्त भारत की बुनियाद बनेगा 'स्वस्थ भारत पोर्टल'

अगला लेख