Publish Date: Sat, 13 Feb 2021 (11:47 IST)
Updated Date: Sat, 13 Feb 2021 (11:50 IST)
जम्मू। पिछले हफ्ते लश्करे मुस्तफा आतंकी संगठन के प्रमुख हिदायतुल्ला मलिक को जम्मू से गिरफ्तार करने के बाद प्रदेश पुलिस अभी उस मामले को सुलझाने में लगी ही थी कि अब एक और आतंकी नेता की जम्मू से गिरफ्तारी के बाद वह उन खबरों की पुष्टि करने लगी है जिसमें कहा जा रहा था कि आतंकियों का अगला निशाना जम्मू संभाग है जिसके लिए वे जम्मू संभाग के विभिन्न इलाकों में ठिकाने बना रहे हैं।
दरअसल, कुलगाम में 3 भाजपा नेताओं व पुलिसकर्मी की हत्या में शामिल द रजिस्टेंस फ्रंट (टीआरएफ) के शीर्ष आतंकी कमांडर को जम्मू संभाग के जिला सांबा से गिरफ्तार किया गया है। आतंकी को गिरफ्तार करने के लिए अनंतनाग पुलिस का विशेष दल सांबा आया था। 12-13 फरवरी की मध्यरात्रि को पुलिस के इस विशेष दल ने जिला सांबा में जिस जगह यह आतंकी छिपा हुआ था, छापा मारा और इसे गिरफ्तार कर लिया। आतंकी को कश्मीर ले जाया गया है।
आईजीपी कश्मीर विजय कुमार ने स्वयं इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि गिरफ्तार आतंकी की पहचान जहूर अहमद राथर उर्फ साहिल उर्फ खालिद के तौर पर हुई है। आईजीपी ने कहा कि हत्या के बाद से ही पुलिस इसकी सरगर्मी से तलाश कर रही थी। गत दिनों विश्वसनीय सूत्रों से अनंतनाग पुलिस को यह जानकारी मिली की जहूर जिला सांबा में छिपा हुआ है। सूचना मिलते ही अनंतनाग पुलिस का विशेष दल उसकी दरपकड़ के लिए जम्मू के लिए रवाना हो गया। शुक्रवार व शनिवार की मध्यरात्रि को पुलिस ने बताए गए ठिकाने पर अचानक से छापा मारा और जहूर को जिंदा पकड़ लिया।
जहूर ने गत वर्ष 29 अक्टूबर को कुलगाम के वाइके पोरा 3 भाजपा कार्यकर्ताओं फिदा हुसैन याटू, उमेर रशीद बेग और उमर रमजान हाजम की हत्या कर दी थी। इसके अलावा जहूर ने उसी साल फूरा में एक पुलिसकर्मी की भी हत्या की थी। इन हत्याओं के बाद से ही जहूर गायब था। आईजीपी विजय कुमार ने बताया कि द रजिस्टेंस फ्रंट लश्कर-ए-तैयबा का ही एक अन्य संगठन है।