Hanuman Chalisa

जो सत्ता में हैं, उन्हें राम मंदिर बनाने की मांग पूरी करनी चाहिए : भैयाजी जोशी

Webdunia
रविवार, 9 दिसंबर 2018 (16:02 IST)
नई दिल्ली। राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) के वरिष्ठ नेता सुरेश ‘भैयाजी’ जोशी ने अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के अपने वादे को पूरा नहीं करने को लेकर रविवार को भाजपा पर परोक्ष हमला करते हुए केंद्र सरकार से राम मंदिर निर्माण के लिए कानून बनाने की मांग की। 
 
 
रामलीला मैदान में विश्व हिंदू परिषद (वीएचपी) की एक रैली में बोलते हुए आरएसएस के सरकार्यवाह ने कहा ‍कि जो आज सत्ता में हैं, उन्होंने राम मंदिर बनाने का वादा किया था। उन्हें लोगों की बात सुननी चाहिए और अयोध्या में राम मंदिर की मांग को पूरा करना चाहिए। वो लोग भावनाओं से अवगत हैं।
 
भाजपा का नाम लिए बिना उन्होंने कहा कि हम इसके लिए भीख नहीं मांग रहे हैं। हम अपनी भावनाएं प्रकट कर रहे हैं। देश ‘राम राज्य’ चाहता है।' संसद के शीतकालीन सत्र से कुछ दिन पहले विश्व हिंदू परिषद की रैली में रविवार को हजारों लोग अयोध्या में राम मंदिर बनाने की मांग के साथ रामलीला मैदान में जुटे हैं। 
 
अयोध्या में संबंधित भूमि के मालिकाना हक का वाद उच्चतम न्यायालय में लंबित है। अगले साल जनवरी में अदालत सुनवाई के तारीख की घोषणा करेगी लेकिन यह विवाद पिछले 25 साल से अनसुलझा है। दक्षिणपंथी संगठनें केंद्र सरकार से अदालत से परे जा कर मंदिर निर्माण की दिशा में आगे बढ़ने की मांग कर रहे हैं। 
 
जोशी के अलावा विहिप अध्यक्ष विष्णु सदाशिव कोकजे और इसके अंतरराष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष आलोक कुमार भी इस रैली को संबोधित कर सकते हैं। 
 
यातायात पुलिस ने रैली को देखते हुए मार्ग परिवर्तन का परामर्श जारी किया है। परामर्श में कहा गया है कि रंजीत सिंह फ्लाईओवर (गुरु नानक चौक से बाराखम्बा रोड), जेएलएन मार्ग (राजघाट से दिल्ली गेट) और वीआईपी गेट के निकट चमन लाल मार्ग पर गाड़ियों के आवागमन की अनुमति नहीं दी जाएगी। 
 
रामलीला मैदान में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं और ऊंची जगहों पर स्नाइपर तैनात किए गए हैं। इस रैली के लिए विहिप ने लोगों के घर-घर जाकर प्रचार अभियान चलाया। 
 
विहिप के प्रवक्ता विनोद बंसल ने कहा कि राम मंदिर के निर्माण के लिए जो लोग विधेयक लाने के पक्ष में नहीं हैं, यह जबरदस्त रैली उन लोगों का हृदय परिवर्तन करेगी।
 
संगठन ने मंदिर के अपने अभियान के पूर्व के चरणों में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद और राज्य के राज्यपालों से मुलाकात की थी। आने वाले चरण में वे मंदिरों और मठों में धार्मिक अनुष्ठान और प्रार्थना आयोजित करेंगे।
 
इस अभियान का समापन प्रयाग में साधु-संतों की ‘धर्म संसद’ के साथ होगा। अंतिम ‘धर्म संसद’ 31 जनवरी और एक फरवरी को आयोजित होगी। 

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

अशोक गहलोत का बड़ा दावा, बोले- कांग्रेस अध्यक्ष बनना चाहता था, साजिश का हुआ शिकार...

होर्मुज स्ट्रेट में फिर बढ़ा तनाव, अमेरिका ने किया ईरानी ड्रोन पर हमला, ईरान ने ट्रंप को दी चेतावनी

INDIA गठबंधन बैठक से पहले बढ़ा तनाव, NDA नेताओं ने कसा तंज, DMK ने किया बहिष्कार

LPG : पड़ोसी देशों से सस्ता है एलपीजी, दाम बढ़ाने पर सरकार ने क्या कहा

महंगाई का झटका! घरेलू LPG सिलेंडर 29 रुपए महंगा, जानिए अब आपके शहर में कितनी होगी कीमत

सभी देखें

नवीनतम

मिडिल ईस्ट में फिर छिड़ी जंग, इजरायल पर ईरान का जवाबी हमला, दागी बैलेस्टिक मिसाइलें

दिल्ली में अचानक आया आंधी-तूफान, Air India के 3 विमान हुए क्षतिग्रस्‍त, IGI एयरपोर्ट पर मचा हड़कंप

उत्तर प्रदेश को देश का अग्रणी स्टार्टअप गंतव्य बनाने की तैयारी, नई स्टार्टअप नीति-2026 पर मुख्यमंत्री योगी ने की समीक्षा

यूपी में 'मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना' बनी बेटियों के उज्ज्वल भविष्य की गारंटी

प्रदेश के हर जिले में लगेंगे जनकल्याण शिविर, CM डॉ. मोहन बोले- जनता को मिलेगा योजनाओं का लाभ

अगला लेख