Festival Posters

क्या आपको पता हैं कार्तिक मास के ये नियम, धन, सुख और सफलता के लिए 7 बातें जरूर याद रखें

Webdunia
सोमवार, 25 अक्टूबर 2021 (06:13 IST)
21 अक्टूबर 2021 से पवित्र माह कार्तिक माह का प्रारंभ हो रहा है। धर्म शास्त्रों के अनुसार जो मनुष्य कार्तिक मास में व्रत व तप करता है उसे मोक्ष की प्राप्ति होती है। पुराणों में कहा है कि भगवान नारायण ने ब्रह्मा को, ब्रह्मा ने नारद को और नारद ने महाराज पृथु को कार्तिक मास के सर्वगुण संपन्न माहात्म्य के संदर्भ में बताया है। कार्तिक मास में 7 नियम प्रधान माने गए हैं, जिन्हें करने से शुभ फल मिलते हैं और हर मनोकामना पूरी होती है। ये 7 नियम इस प्रकार हैं...
 
 
1. दीपदान- धर्म शास्त्रों के अनुसार, कार्तिक मास में सबसे प्रमुख काम दीपदान करना बताया गया है। इस महीने में नदी, पोखर, तालाब आदि में दीपदान किया जाता है। इससे पुण्य की प्राप्ति होती है।
 
2. तुलसी पूजा- इस महीने में तुलसी पूजन करने तथा सेवन करने का विशेष महत्व बताया गया है। वैसे तो हर मास में तुलसी का सेवन व आराधना करना श्रेयस्कर होता है, लेकिन कार्तिक में तुलसी पूजा का महत्व कई गुना माना गया है।
 
3. भूमि पर शयन- भूमि पर सोना कार्तिक मास का तीसरा प्रमुख काम माना गया है। भूमि पर सोने से मन में  सात्विकता का भाव आता है तथा अन्य विकार भी समाप्त हो जाते हैं।
 
4. तेल लगाना वर्जित- कार्तिक महीने में केवल एक बार नरक चतुर्दशी (कार्तिक कृष्ण चतुर्दशी) के दिन ही शरीर पर तेल लगाना चाहिए। कार्तिक मास में अन्य दिनों में तेल लगाना वर्जित है।
 
5. दलहन (दालों) खाना निषेध- कार्तिक महीने में द्विदलन अर्थात उड़द, मूंग, मसूर, चना, मटर, राई आदि नहीं खाना चाहिए।
 
6. ब्रह्मचर्य का पालन- कार्तिक मास में ब्रह्मचर्य का पालन अति आवश्यक बताया गया है। इसका पालन नहीं करने पर पति-पत्नी को दोष लगता है और इसके अशुभ फल भी प्राप्त होते हैं।
 
7. संयम रखें- कार्तिक मास का व्रत करने वालों को चाहिए कि वह तपस्वियों के समान व्यवहार करें अर्थात कम बोलें, किसी की निंदा या विवाद न करें, मन पर संयम रखें आदि।

ALSO READ: कार्तिक मास आरंभ : ये 10 काम करेंगे तो कभी नहीं आएगा शोक, नहीं सताएगा कोई रोग

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

ज़रूर पढ़ें

नास्त्रेदमस की भविष्‍यवाणी में ईरान के बारे में क्या लिखा है?

होलिका दहन पर भद्रा और चंद्र ग्रहण का साया, कब मनाएं होली और धुलंडी?

क्या गैर हिंदुओं का मंदिर में प्रवेश वर्जित करना उचित है?

होली कब है, 2, 3 या 4 मार्च 2026 को?

ऐसा रखें घर का वास्तु, जानें 5 टिप्स, मिलेंगे बेहतरीन लाभ

सभी देखें

धर्म संसार

Shab E Barat 2026: शब-ए-बारात क्यों मनाई जाती है और इसका धार्मिक महत्व क्या है, पढ़ें विशेष जानकारी

Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (03 फरवरी, 2026)

03 February Birthday: आपको 3 फरवरी, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 3 फरवरी 2026: मंगलवार का पंचांग और शुभ समय

इस्लाम में मुस्लिमों के लिए शब-ए-बरात का क्या है महत्व?

अगला लेख