Hanuman Chalisa

IAF AFCAT exam 2021 : जल्द आएंगे एडमिट कार्ड

Webdunia
बुधवार, 11 अगस्त 2021 (12:00 IST)
नई दिल्ली। भारतीय वायुसेना जल्द ही एयरफोर्स कॉमन एडमिशन टेस्ट (IAF AFCAT) के लिए एडमिट कार्ड जारी करेगा। एक्जाम का समय, स्थान आदि एडमिट कार्ड पर ही दिया जाएगा। परीक्षा के दौरान कोरोना प्रोटोकॉल का पालन करना होगा।

ALSO READ: थलसेना ने जम्मू-कश्मीर में 100 फुट ऊंचा तिरंगा राष्ट्र को समर्पित किया
 
भारतीय वायुसेना ने AFCAT 2021 के लिए उपस्थित होने वाले उम्मीदवारों के लिए सत्यापन के लिए परीक्षा हॉल में प्रवेश पत्र का प्रिंट आउट अनिवार्य कर दिया है। वायुसेना फ्लाइंग ब्रांच और ग्राउंड ड्यूटी में टेक्निकल और नॉन टेक्निकल क्षमताओं में रिक्रूटमेंट करने जा रहा है। जैसे ही एडमिट कार्ड रिलीज हो जाएंगे, उन्हें आधिकारिक वेबसाइट से डाउनलोड किया जा सकेगा।
 
वायुसेना ने अलग-अलग पोस्ट के लिए 334 भर्तियां निकाली हैं। अंतिम रूप से चुने गए उम्मीदवारों को ट्रेनिंग दी जाएगी। फ्लाइंग और टेक्निकल ब्रांचों के लिए ट्रेनिंग की अवधि 74 हफ्ते और नॉन टेक्निकल ब्रांचों के लिए ट्रेनिंग की अवधि 52 हफ्ते रहेगी।

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

पाकिस्तान-अफगानिस्तान वार्ता बिना समझौते खत्म, तनाव बरकरार, चीन की चौधराहट भी नहीं आई काम

Ceasefire : अमेरिका का दावा, ईरान ने मांगी सीजफायर की 'भीख', होर्मुज पर जारी रहेगी फीस

ईरान-अमेरिका युद्धविराम के बाद कश्मीर और लद्दाख में मना जश्‍न, CM उमर अब्दुल्ला समेत क्‍या बोले क्षेत्र के दिग्गज नेता?

डोनाल्ड ट्रंप की चेतावनी- ईरान छोड़े यूरेनियम संवर्धन, हथियार देने वाले देशों पर 50% टैरिफ

ईरान ने ट्रंप के सीजफायर पर लगाई मुहर: 10 सूत्रीय प्रस्ताव पर बातचीत को तैयार, 2 हफ्ते खुला रहेगा हार्मुज

सभी देखें

नवीनतम

LIVE: असम, केरलम और पुडुचेरी में मतदान, पीएम मोदी की मतदाताओं से अपील

ईरान ने फिर बंद किया Strait of Hormuz, लेबनान में 254 मौत के बाद भड़का तनाव, समझौता तोड़ने की धमकी

नोएडा हादसा : घेराबंदी के बावजूद गड्ढे में उतरने से हुआ हादसा, पुलिस, फायर ब्रिगेड, SDRF की टीमों ने तत्काल रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया

UP में योगी सरकार का बड़ा धमाका, GeM पोर्टल से बचाए ₹9,700 करोड़, महिला उद्यमियों की भी चमकी किस्मत

जख्मी खामनेई मोजतबा की अमेरिका-ईरान सीजफायर में क्या रही भूमिका, कैसे पर्दे के पीछे चली हाईलेवल कूटनीति, पढ़िए पूरी कहानी

अगला लेख