rashifal-2026

COVID-19 : टीकाकरण के बाद 97 फीसदी ने जताया संतोष, 7.75 लाख लोगों को लगी Vaccine

Webdunia
मंगलवार, 9 फ़रवरी 2021 (22:34 IST)
नई दिल्ली। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने मंगलवार को कहा कि कोरोनावायरस (Coronavirus) का टीका लगवाने के बाद सर्वेक्षण किए गए 7.75 लाख लोगों में से 97 प्रतिशत ने टीकाकरण प्रक्रिया को लेकर संतोष प्रकट किया।

केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण ने बताया कि सरकार टीक लगवा चुके लोगों की प्रतिक्रिया मोबाइल ऐप को-विन के जरिए 17 जनवरी से ले रही है और 7.75 लाख लोगों से प्रतिक्रिया मिली है। कोविड-19 के खिलाफ राष्ट्रव्यापी टीकाकरण अभियान 16 जनवरी को शुरू हुआ था।

भूषण ने कहा, 17 जनवरी को, हमने को-विन ऐप पर उन लोगों (ऐप के यूजर) से त्वरित आकलन प्रणाली (आरएएस) के जरिए प्रतिक्रिया लेनी शुरू की, जिन्हें टीका लगाया जा चुका था। उन्होंने कहा, 97 प्रतिशत लोग टीकाकरण के पूरे अनुभव से संतुष्ट हैं। यह आंकड़ा 7.75 लाख लोगों से ली गई प्रतिक्रिया पर आधारित है।

उन्होंने कहा कि सर्वेक्षण में 88.76 प्रतिशत लोगों ने कहा कि वे टीकाकरण के बाद इसके प्रतिकूल प्रभाव से अवगत थे, जबकि 97.19 प्रतिशत ने कहा था कि उन्हें टीका लगाए जाने के बाद निगरानी के लिए 30 मिनट तक रोककर रखा गया था।(भाषा)

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

पापा, मैं अजित पवार के साथ बारामती जा रही हूं, एयर होस्टेस पिंकी की आखिरी कॉल, भावुक पिता ने क्या बताया

कौन थे अजीत पवार का जेट उड़ाने वाले कैप्टन सुमित कपूर, Learjet का माना जाता था Expert

कौन थीं अजित पवार का प्लेन उड़ाने वाली कैप्टन शांभवी पाठक, 25 साल उम्र में दर्दनाक मौत, कितने साल का था अनुभव, MP से क्या था कनेक्शन, कैसे भरी थी सपनों की उड़ान

क्या था 70,000 करोड़ का सिचाई घोटाला, कैसे जुड़ा था अजित पवार का नाम

अजित पवार की तरह विमान हादसे में गई थी इन दिग्गजों की जान, देखें Photos

सभी देखें

नवीनतम

बारामती पहुंचने पर शरद पवार ने लोगों से पूछा- यह कैसे हुआ

Ajit Pawar Plane Crash : वक्त के पाबंद अजित पवार की कलाई घड़ी ने दी उनकी विदाई की गवाही

Ajit Pawar Plane Crash : परिवार और बच्चों को बिलखता छोड़ गए विदीप जाधव, पड़ोसियों की आंखों में तैर रही वह आखिरी मुस्कान

कब्जामुक्त कराएं जमीन, बख्शे न जाएं भू माफिया, CM योगी के सख्त निर्देश

काला नमक चावल, भगवान बुद्ध की धरती से विश्व बाजार तक पहुंची सदियों पुरानी विरासत

अगला लेख