rashifal-2026

‘कोरोना’ को लेकर क्‍यों दुनियाभर में हो रही भारत की तारीफ?

नवीन रांगियाल
चीन से फैले कोरोना वायरस ने पूरी दुनिया में आतंक सा मचा दिया है। दुनिया में इस संक्रमण से मरने वालों की संख्‍या 6 हजार को पार गई है। वहीं 1.6 लाख से ज्‍यादा लोग कोरोना के संक्रमण का शिकार होकर इलाज करा रहे हैं। सबसे ज्‍यादा मौतें चीन और इटली में हुई है। भारत में कोरोना वायरस के मरीजों की तादाद 110 तक पहुंच गई है। हालांकि इनमें से 13 लोगों को इलाज के बाद डिस्चार्ज किया जा चुका है।

लेकिन इन सबके बीच जो सबसे महत्‍वपूर्ण बात है वो यह है कि कोरोना के संबंध में पूरी दुनिया में भारत की तारीफ हो रही है। दरअसल, 135 करोड़ वाली जनसंख्या वाले भारत देश में बहुत कम लोग कोरोना के संक्रमण का शिकार हुए है।

इसके उल्‍टा इटली जैसे छोटे से देश में कोरोना ने मौत का तांडव मचा दिया है। भारत में कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए जिस तरह से केंद्र और राज्य सरकारों पहल की, और इसे भारत की सीमा में घुसने नहीं दिया, उसे लेकर भारत की योजना, तरीका और तैयारी काबिल ए तारीफ मानी जा रही है। इस मामले में भारत ने अमेरिका जैसे देश को भी पीछे छोड दिया है।

जैसे ही यह खबर फैली थी भारत ने बगैर देर किए अपने अंतराराष्‍ट्रीय हवाईअड्डों पर यात्रियों की स्‍क्रीनिंग शुरू कर दी थी, जबकि अमेरिका करीब 4 दिन बाद स्‍क्रनिंग में जागा, तब तक लाखों लोग अमेरिका की सरहद में एंट्री कर चुके थे, जाहिर है इनमें कई संक्रमित लोग भी शामिल होंगे।

ठीक इसी तरह भारत ने तत्‍काल कई राज्‍यों पर चौकसी बढा दी। कोई संदिग्‍ध मिलते ही उसका इलाज शुरू कर दिया गया। अमेरिका के साथ ही कई अन्‍य देश भी इस मामले में भी पीछे ही रहे।

इधर दिल्‍ली में भी सरकार ने बेहद त्‍वरित और कारगर कदम उठाए। अभी भारत में सिर्फ 2 ही मौतें हुई हैं, जबकि करीब 100 ही संक्रमित लोग मिले हैं, लेकिन दिल्‍ली में मॉल, सिनेमाघरों और जिम खोलने पर पाबंदी लगा दी है। वहीं 50 से ज्‍यादा लोगों के एकत्र होने पर भी प्रतिबंध लगा दिया गया है।

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि अगर 50 से ज़्यादा लोग प्रदर्शन स्थल पर होंगे तो उनके ख़िलाफ़ संक्रामक बीमारी एक्ट 1897 के तहत उस इलाक़े के डीएम (उपायुक्त) और एसडीएम कार्रवाई करेंगे। जबकि यहां स्‍कूल, कॉलेज और स्‍विमिंग पुल पर पहले से ही प्रतिबंध है।

भारत में कोरोना की जांच की गति भी अन्‍य देशों से तेज है। 20 जनवरी से अब तक भारत में करीब ढाई लाख लोगों की जांच की जा चुकी है, जबकि लाखों लोगों की प्राथमिक स्‍क्रीनिंग की जा चुकी है।  
इधर मीडिया ने भी जागरुकता फैलाने का काम किया। मीडिया लगातार यह बताती रही कि कोरोना से डरने की जरुरत नहीं है, बल्‍कि सावधानी बरतने की जरुरत है।

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

कंपनियों से स्मार्टफोन का 'सोर्स कोड' मांग सकती है सरकार, क्या इससे फोन महंगे होंगे या प्राइवेसी खत्म होगी, सामने आया बड़ा सच

AI की फ्री ट्रेनिंग देगी सरकार, YUVA AI FOR ALL का अश्विनी वैष्णव ने किया ऐलान

कौन है 'रहमान डकैत' और कैसे भोपाल के एक 'डेरे' से चलता था 14 राज्यों में लूट का काला साम्राज्य?

डिलीवरी बॉय पर केंद्र का बड़ा फैसला, अब 10 मिनट में Delivery बंद, सरकार ने हटाई समयसीमा

डॉग लवर्स पर बरसा सुप्रीम कोर्ट, क्या आपकी भावनाएं केवल कु्त्तों के लिए हैं

सभी देखें

नवीनतम

तेलंगाना में 500 कुत्तों की बेरहमी से हत्या, सरपंचों और अधिकारियों पर आरोप, क्‍या चुनावी वादा है हत्‍याओं के पीछे?

20 हजार की चाय, 50 हजार की ब्रेड, महंगाई से ईरान में बवाल, रियाल का भी बुरा हाल

थाईलैंड में बड़ा रेल हादसा, चलती ट्रेन पर गिरी क्रेन, 22 लोगों की मौत, कई घायल

NEET-PG 2025 के कट ऑफ में भारी कमी, हजारों छात्रों को फायदा

Weather Update : दिल्ली में टूटा कई सालों का रिकॉर्ड, इन राज्‍यों में शीतलहर और कोहरे का अलर्ट

अगला लेख