Biodata Maker

गणेश चतुर्थी 2021 : 10 सितंबर 2021 को बन रहा 5 ग्रहों का विशेष संयोग

Webdunia
गणेश चतुर्थी 10 सितंबर 2021 दिन शुक्रवार को है। इस दिन गणेश पूजा के लिए गणपति की स्थापना की जाएगी।
 
10 सितंबर 2021, दिन शुक्रवार को भगवान गणेश जी घर-घर विराजेंगे। भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि को शुरू होने वाला गणेश चतुर्थी का ये महापर्व इस बार कई शुभ संयोग के साथ लेकर आ रहा है। इन शुभ संयोग में गणेश जी का पूजन करना सभी भक्तों के लिए अति मंगलकारी होगा। 
 
गणेश चतुर्थी पर 5 ग्रहों का शुभ संयोग 
 
गणेश चतुर्थी पर इस बार 5 ग्रहों का शुभ संयोग बन रहा है, जो व्यापारियों के लिए अति लाभकारी होगा। चतुर्थी पर इस बार 5 ग्रह अपनी श्रेष्ठ स्थिति में होंगे, जिसमें बुध कन्या राशि में, शुक्र तुला राशि में, राहु वृषभ राशि में, केतु वृश्चिक राशि तथा शनि मकर राशि में विद्यमान होंगे। ग्रहों की ये स्थिति कारोबार करने वाले जातकों के लिए शुभ है। व्यापारी वर्ग के मुनाफे में बढ़ोत्तरी होगा और शेयर बाजार में भी लाभ होगा।
 
बन रहा रवियोग वहीं गणेश चतुर्थी पर इस बार रवियोग में पूजन होगा। लंबे समय बाद इस बार चतुर्थी पर चित्रा-स्वाति नक्षत्र के साथ रवि योग का संयोग बन रहा है।

चित्रा नक्षत्र शाम 4.59 बजे तक रहेगा और इसके बाद स्वाति नक्षत्र लगेगा। वहीं 9 सितंबर दोपहर 2 बजकर 30 मिनट से अगले दिन 10 सितंबर 12 बजकर 57 मिनट तक रवियोग रहेगा, जो उन्नति को दर्शा रहा है। इस शुभ योग में कोई भी नया काम और गणपति पूजा मंगलकारी होगी। 
 
गणेश चतुर्थी शुभ मुहूर्त 2021

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

ज़रूर पढ़ें

गुप्त नवरात्रि की खास साधना और पूजा विधि, जानें जरूरी नियम और सावधानियां

मकर राशि में बना बुधादित्य और लक्ष्मी योग, इन 3 राशियों पर बरसेगा अचानक धन

Gupt Navratri: गुप्त नवरात्रि की दस महाविद्याएं और उनका महत्व

Gupt Navratri: गुप्त नवरात्रि में मां कालिका की यह साधना क्यों मानी जाती है खास? जानिए रहस्य

Rath Saptami 2026: रथ सप्तमी का अर्थ, आरती, पूजा विधि, चालीसा और लाभ

सभी देखें

धर्म संसार

22 January Birthday: आपको 22 जनवरी, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 22 जनवरी 2026: गुरुवार का पंचांग और शुभ समय

नर्मदा परिक्रमा का क्या है महत्व, कितने दिन चलना पड़ता है पैदल

Basant Panchami 2026: बसंत पंचमी पर करें ये 5 अचूक उपाय, बुद्धि और ज्ञान का खुल जाएगा ताला

बसंत पंचमी का अर्थ, सरस्वती पूजा विधि, आरती और लाभ | Basant panchami aarti puja vidhi labh

अगला लेख