✕
समाचार
योगी आदित्यनाथ
उत्तर प्रदेश
मुख्य ख़बरें
राष्ट्रीय
अंतरराष्ट्रीय
प्रादेशिक
मध्यप्रदेश
छत्तीसगढ़
गुजरात
महाराष्ट्र
राजस्थान
क्राइम
फैक्ट चेक
ऑटो मोबाइल
व्यापार
मोबाइल मेनिया
बॉलीवुड
बॉलीवुड न्यूज़
हॉट शॉट
मूवी रिव्यू
वेब स्टोरी
पर्यटन
आने वाली फिल्म
खुल जा सिम सिम
बॉलीवुड फोकस
आलेख
सलमान खान
सनी लियोन
टीवी
मुलाकात
खाटू श्याम बाबा
क्रिकेट
अन्य खेल
खेल-संसार
ज्योतिष
दैनिक राशिफल
रामशलाका
राशियां
आज का जन्मदिन
आज का मुहूर्त
लाल किताब
वास्तु-फेंगशुई
टैरो भविष्यवाणी
चौघड़िया
धर्म संग्रह
लाइफ स्टाइल
वीमेन कॉर्नर
सेहत
योग
NRI
मोटिवेशनल
रेसिपी
नन्ही दुनिया
पर्यटन
रोमांस
साहित्य
धर्म-संसार
एकादशी
श्री कृष्णा
रामायण
महाभारत
व्रत-त्योहार
धर्म-दर्शन
शिरडी साईं बाबा
श्रीरामचरितमानस
आलेख
सनातन धर्म
श्रीरामचरितमानस
इंदौर
मध्यप्रदेश
काम की बात
श्रीराम शलाका
एक्सप्लेनर
क्राइम
रामायण
महाभारत
फनी जोक्स
चुटकुले
वीडियो
फोटो गैलरी
अन्य
Hindi
English
தமிழ்
मराठी
తెలుగు
മലയാളം
ಕನ್ನಡ
ગુજરાતી
समाचार
बॉलीवुड
खाटू श्याम बाबा
क्रिकेट
ज्योतिष
धर्म संग्रह
लाइफ स्टाइल
धर्म-संसार
श्रीरामचरितमानस
इंदौर
मध्यप्रदेश
काम की बात
श्रीराम शलाका
एक्सप्लेनर
क्राइम
रामायण
महाभारत
फनी जोक्स
वीडियो
फोटो गैलरी
अन्य
शब्द तेज के सामने, लगे सभी निस्तेज
बुधवार, 2 मार्च 2011
बोलो तब-जब सोच लो, कहो तभी कुछ बात। मर्म बिना समझे कहे, शब्द करें उत्पात।। आँधी रहती शब्द में, रहत...
वसंत पंचमी : सरस्वती जयंती
मंगलवार, 8 फ़रवरी 2011
वाह री दिल्ली!
नींव के पत्थर
चंद्रपाल सिंह यादव 'मयंक' का स्मरण हिन्दी बाल कविता के प्रथम पंक्ति के रचनाकारों के साथ किया जाता है...
बोला-बोली
बिल्ले से बोली बिल्ली अगर ना मिली दिल्ली अगर ना मिली दिल्ली मैं कुछ ऐसा कर जाऊँगी ...
आए बादल
आसमान पर छाए बादल बारिश लेकर आए बादल गड़-गड़, गड़-गड़ की धुन में ढोल-नगाड़े बजाए बादल ...
ट्रैफिक जाम
अक्कड़ मक्कड़
कुछ सपने पाल
और सपनों से दो चार हो चाह है तो राह है राह है तो मंजिल है हर थकान में आस ही एक मात्र छाँव है
रोशनी
बात अच्छी है तो उसकी, हर जगह चर्चा करो। है बुरी तो दिल में रखो, फिर उसे अच्छा करो।।
जन्मदिन का तोहफा
कथा-कहानी बाल गीत की, पुस्तक में है ज्ञान अपार। मेरे जन्मदिवस पर भैया देवपुत्र होगा उत्तम उपहार।
सुराही में पानी ठंडा क्यों हो जाता है?
काका, घड़े सुराही का जल, कैसे शीतल हो जाता? वही धातु के बरतन में तो, कभी न शीतल हो पाता?
वो नाजुक कली है मेरे बाग की
किस तरह उसको घर हम कहें जिसमें हो कोई खिड़की नहीं सूने आँगन में कोई कैसे रहे खिलखिलाती जहाँ कोई लड़क
माँ के हाथ
मैंने तो पहले ही कहा था...
हाथी। मुझे हाथी अच्छे लगते हैं। हाथी। मुझे हाथी अच्छे लगते हैं। मुझे अच्छा लगता है जब वे पेड़ों पर झ...
झुमके अमलतास के
बीत गए केशरिया दिन पलाश के ले लो, ले लो झुमके अमलतास के।
नर्सरी में ही रहूँगा मैं
सुबह से शाम तक काम करते-करते थका-मांदा लौटता हूँ घर ...
प्रेम, भाईचारा की बात करें
कुछ मेरी गलती कुछ तुम्हारी न तुमने अपनी मानी न मैंने अपनी
आपातकाल के काले दिन
वो बन बैठी थी तानाशाह केवल सत्ता की खातिर, कहने को तो थी वो नारी पर थी वो दिल से अति शातिर।।
माँ सरस्वती से बच्चों की प्रार्थना
हे ज्ञान की देवी वीणावादिनी सुन ले मेरी पुकार, हाथ जोड़कर विनती करता है यह बालक बारंबार।
अगला लेख